भोपाल। विधानसभा चुनाव के पहले अपने सक्रिय कार्यकर्ताओं की नाराजगी खत्म करने के लिए कांग्रेस हर जिले में दो से तीन कार्यकारी अध्यक्ष बनाएगी. कांग्रेस प्रदेश कार्यालय में बुलाई गई जिला प्रभारियों की बैठक में पीसीसी चीफ कमलनाथ ने इसके निर्देश दिए हैं. बैठक में कमलनाथ ने कहा कि "मंडलम सेक्टर हमारे संगठन का आधार है, इसलिए इस पर ज्यादा से ज्यादा फोकस करें." कमलनाथ ने सभी जिलों में पिछले 3 माह में हुई मंडलम सेक्टर की बैठकों की रिपोर्ट तलब की है और बैठक में कई जिला अध्यक्षों ने अपनी नाराजगी भी दर्ज कराई. बैठक में कमलनाथ ने कहा कि जल्द ही उनके द्वारा जिलों के दौरे शुरू किए जाएंगे.
कौन किसका नजदीकी इसको लेकर ना करें शिकायत: बैठक में कमलनाथ ने कहा कि "मेरे पास अक्सर शिकायतें आती हैं कि हमारा यह कार्यकर्ता इस नेता का करीबी है. वह कार्यकर्ता उसके नजदीक है." कमलनाथ ने कहा कि बड़ा सवाल यह है कि वह किसी कांग्रेस नेता का ही करीबी है, इसमें किसी को बुराई भी नहीं होनी चाहिए. यदि वह किसी बीजेपी नेता का करीबी हो तो फिर नाराजगी का सवाल उठना जरूरी है. कमलनाथ ने कहा कि "चुनाव नजदीक है, इसलिए आपस में नाराजगी का भाव बिल्कुल ना रखें. किसी कारण कोई हमारा जमीनी कार्यकर्ता या नेता हमसे नाराज है तो उसकी नाराजगी खत्म करें उसे अपने साथ लाएं. हम सब साथ होंगे तभी बेहतर कर पाएंगे." कमलनाथ ने कहा कि "जिसने हमारी पार्टी का झंडा उठाया है उसे हम नजरअंदाज करें और बीजेपी से आयात कर लें यह मैं बिल्कुल नहीं चाहता."
ये भी पढ़ें |
कमलनाथ बोले अब समय ज्यादा नहीं: बैठक में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि मंडलम सेक्टर गतिविधियों को लेकर कई जिलों में हम पीछे हैं. मंडलम सेक्टर मैंने 12 साल पहले छिंदवाड़ा में बनाया था. इसे जितना मजबूत बनाएंगे जीत का आधार उतना ही मजबूत होगा. कमलनाथ ने बैठक में शामिल हुए सभी जिला अध्यक्षों और जिला प्रभारियों से पूछा कि आप के जिलों में पिछले समय में कितनी बार मंडलम सेक्टर की बैठकें हुई हैं. कमलनाथ ने सभी को अपनी रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं. बैठक में कमलनाथ ने कहा कि सभी अपने जिलों में सहमति बनाएं और दो से तीन कार्यवाहक अध्यक्ष के नाम दें. लेकिन इसमें ऐसा नाम नहीं होना चाहिए जिसको लेकर क्षेत्र में बाद में नाराजगी के स्वर उठें, चुनाव में अब ज्यादा समय नहीं है.
जिला अध्यक्ष बोले आप जिलों के दौरे पर निकलें: बैठक में जिला अध्यक्षों ने सुझाव दिया कि आप बीच-बीच में सीधे मंडलम सेक्टर में बात करें. साथ ही जिलों के दौरे शुरू करें. इस सुझाव पर कमलनाथ ने कहा कि "बीच में मैंने कुछ मंडलम सेक्टर में बात की, लेकिन उसको लेकर जमीनी स्तर पर कुछ गलत संदेश गए. लेकिन जहां तक जिलों के दौरों की बात है जल्द ही दौरे शुरू किए जाएंगे."