ऋषिकेश: विधानसभा चुनाव नजदीक आते-आते कांग्रेस को जनहित से जुड़े मुद्दे भी याद आने लगे हैं. मुद्दे भी ऐसे हैं जिन्हें कांग्रेस अपने शासनकाल के दौरान धरातल पर उतार सकती थी. लेकिन सत्ता में रहते हुए मुद्दे अक्सर सरकार भूल जाती है, ऐसा सुना गया है. जो कहीं ना कहीं जमीनी हकीकत भी है.
अब चुनाव नजदीक आए तो कांग्रेस जनहित के मुद्दे उठाकर प्रदेशवासियों का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश कर रही है. वहीं आज कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने वनाधिकार आंदोलन के संबंध में प्रेस वार्ता की. जिसमें उन्होंने सरकार से 9 बिंदुओं पर अमल करने की मांग की है. किशोर उपाध्याय ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर सरकार ने ध्यान नहीं दिया, तो सरकार के खिलाफ कांग्रेस आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी.
ये भी पढ़ेंः सांसद अजय भट्ट ने लोकसभा में उठाई पहाड़ की पीड़ा
इसके साथ ही किशोर उपाध्याय ने सबसे पहले केंद्र सरकार के सेवाओं में स्थानीय लोगों को आरक्षण, परिवार के एक सदस्य को पक्की नौकरी, प्रतिमाह हर परिवार को निःशुल्क गैस सिलेंडर, बिजली और पानी की व्यवस्था, जड़ी-बूटियों पर स्थानीय समुदाय का अधिकार, शिक्षा व स्वास्थ्य की निःशुल्क सेवाएं, एक यूनिट आवास बनाने के लिए लकड़ी, बजरी व पत्थर निःशुल्क देने की मांग की. उन्होंने जंगली जानवरों द्वारा हानि पहुंचाए जाने पर क्षतिपूर्ति 25 लाख, जंगली जानवर के द्वारा फसल के नुकसान पर प्रति नाली 5 हजार का मुआवजा और राज्य में अविलंब चकबंदी का नियम लागू करने की मांग की है.