कानपुर: जिले में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए जिला प्रशासन ने 20 अप्रैल से मिलने वाली सारी छूटों पर पाबंदी लगा दी है. बता दें कि शासन ने 20 अप्रैल से जिलों के कुछ क्षेत्रों में छूट देने के लिए कहा था, जिसके लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जिला अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक भी की थी. उन्होंने इसकी जिम्मेदारी जिलाधिकारी को सौंपी थी कि वह समझे कि जिले में कहां छूट देनी है कहां नहीं.
कानपुर महानगर में लगातार कोरोना वायरस के मामलों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है, जिसके बाद जिलाधिकारी ब्रह्मदेव राम तिवारी ने कानपुर में किसी भी प्रकार की छूट न मिलने की जानकारी दी है. जिलाधिकारी ने इसके लिए निर्देश जारी किए हैं. जिलाधिकारी ने बताया कि हॉटस्पॉट की दुकानों और आवाजाही पर पूर्व की भांति बंदी रहेगी. बफर जोन में पहले की तरीके सारे निर्णय लागू रहेंगे और लॉकडाउन का कड़ाई से अनुपालन कराया जाएगा. इसको लेकर जिला प्रशासन पूरी तरीके से तैयार है और लोगों से भी अपील की जा रही है कि लोग लॉकडाउन को गंभीरता से लें.
जिलाधिकारी ने लॉकडाउन का कड़ाई से पालन कराने के लिए जारी की गाइडलाइन-
- लॉकडाउन संबंधित व्यवस्था पूर्व की भांति लागू रहेगी, इसे और शक्तिशाली ढंग से लागू किया जाएगा.
- आवश्यक सेवाओं के अंतर्गत मात्र door to door डिलीवरी ही अनुमन्य होगी.
- लॉकडाउन की अवधि में आवश्यक सेवाओं को छोड़कर सभी कार्यालय (केंद्र/राज्य सरकार) यथावत बंद रहेंगे.
- औद्योगिक इकाइयों में आवश्यक वस्तुओं के उत्पादन (नगर सीमा के अंदर) को छोड़कर पहले की भांति बंद रहेगी. अन्य आवश्यक सेवाओं के मामलों में शासन के आदेशों के अनुसार कार्रवाई होगी.
- हॉटस्पॉट क्षेत्रों में दुकानों और आवाजाही पर पूर्व की भांति बंदी रहेगी. इन क्षेत्रों में सुरक्षा, डोर स्टेप डिलीवरी और सैंपलिंग जारी रहेगी.
- बफर जोन के अंतर्गत पूर्ववत निर्णय लागू रहेंगे.
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