Jabalpur Regional Industries Conclave 2024: जबलपुर में शनिवार को रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया था. इस कॉन्क्लेव में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री सरकार के कई मंत्री, अधिकारी और कई उद्योगपति भी शामिल हुए थे. मुख्यमंत्री, मंत्री, उद्योगपति और कई अधिकारियों ने बारी-बारी से एमपी में पर्यटन के क्षेत्र में विकास की संभावना और योजना के बारे में अपनी बात रखी. लेकिन सबसे आश्चर्य की बात यह रही कि भारत सरकार के पूर्व पर्यटन मंत्री और वर्तमान में एमपी सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल को अपनी बात रखने का मौका नहीं मिला. यह बात पूरे कार्यक्रम में चर्चा का विषय बनी.
प्रहलाद पटेल को मंच से बोलने का नहीं मिला मौका
मध्य प्रदेश के जबलपुर में इन्वेस्टर्स को रिझाने के लिए 'रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव' के आयोजन में देश भर के कई बड़े और मशहूर उद्योगपति शामिल हुए थे. कार्यक्रम में सबने अपनी बातें रखी. मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव समेत कई मंत्रियों को अपनी बात रखने का मौका मिला, लेकिन ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल को अपनी बात रखने का अवसर नहीं मिला. ऐसा तब हुआ जब बात मध्य प्रदेश में पर्यटन के क्षेत्र में इन्वेंस्ट करने की बात चल रही थी और प्रहलाद पटेल पूर्व में केन्द्रीय पर्यटन मंत्री रह चुके हैं. पर्यटन विभाग के अधिकारियों का भाषण हुआ. एमएसएमई मंत्री चेतन कश्यप का भाषण हुआ. लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने भी मंच से अपनी बात रखी. कई उद्योगपतियों ने भी अपने विजन को साक्षा किया. लेकिन प्रहलाद पटेल को बोलने का मौका नहीं मिला.
छिन्दवाड़ा पर मेहरबान मोहन यादव सरकार, खोला सौगातों का पिटारा टेक्सटाइल और गारमेंट्स स्किल ट्रेनिंग सेंटर का हब बनेगा जबलपुर, 17000 करोड़ के निवेश के एमओयू फाइनल |
जबलपुर सांसद को मंच पर नहीं मिली जगह
रीजनल इंडस्ट्रीज कांक्लेव में एक और चौंकाने वाला कारनामा सामने आया. जबलपुर के सांसद आशीष दुबे को मंच पर जगह ही नहीं मिली, जबकि यह आयोजन जबलपुर में हो रहा था. जबलपुर के सांसद जबलपुर के विकास की अहम कड़ी हो सकते हैं ऐसी स्थिति में उन्हें मंच पर न बिठाया जाना व्यवस्था है या राजनीति इस आयोजन में चर्चा का विषय था. मीडिया से बात करते हुए सांसद आशीष दुबे ने कहा कि, ''जबलपुर के विकास के लिए उन्हें मंच की जरूरत नहीं है.''