शाहजहांपुर: मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार को जिलाधिकारी ने एक महिला को चौथी बार गर्भवती होने पर बेइज्जत किया था. उसके बाद वह महिला अपने पति के साथ एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती हो गई. घटना के एक दिन बाद शनिवार को महिला की डिलीवरी के दौरान मौत हो गई. मेडिकल कॉलेज इस मामले की जांच कर रहा है कि आखिर इस महिला की मौत कैसी हुई?
जानें क्या है पूरा मामला -
- शाहजहांपुर के जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह चार दिन पहले मेडिकल कॉलेज में औचक निरीक्षण करने गए थे.
- अस्पताल में भीड़ के सामने डीएम की ये बात सुनकर महिला ने अस्पताल में इलाज कराने से मना कर दिया.
- इसके बाद महिला के पति ने उसे वहां से डिस्चार्ज कराया और निगोही के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया.
- इस अस्पताल में महिला ने एक बच्ची को जन्म दिया, लेकिन ज्यादा ब्लीडिंग के चलते बरेली ले जाते वक्त उसकी मौत हो गई.
- मेडिकल कॉलेज इस मामले की जांच करा रहा है कि आखिर महिला की मौत कैसी हुई.
- इस मामले में एक आशा बहु द्वारा जबरजस्ती प्रसव कराने का भी मामला सामने आया है.
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चर्चा ये भी है कि कमीशन के चलते एक आशा बहु मृतक गर्भवती को प्राइवेट अस्पताल ले गई थी, जहां उसकी मौत हो गई. वहीं प्राइवेट अस्पताल महिला में खून की कमी होना मौत की वजह बता रहा है. मेडिकल कॉलेज के जिम्मेदार अफसर प्राइवेट अस्पताल पर जबरन बच्चे की डिलीवरी करने को ही मौत का जिम्मेदार बता रहे हैं. फिलहाल पूरे मामले में जांच की बात कही जा रही है.