बरेलीः जिले में यूपी स्टेट चैप्टर की इस 33वीं साइंटिफिक कांफ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है. कैंसर विशेषज्ञ संगठन एसोसिएशन ऑफ रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट आफ इंडिया (AROI) के तत्वावधान में इसका आयोजन एसआरएमएस मेडिकल कॉलेज (srms Medical college) का RR कैंसर इंस्टीट्यूट एंड रिसर्च सेंटर द्वारा किया जा रहा है. 8 और 9 अक्टूबर को साइंटिफिक कॉन्फ्रेंस आयोजित की जा रही है. जो कैंसर रोगियों के इलाज में विशेषज्ञों के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी.
श्री राम मूर्ति स्मारक इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के डॉयरेक्टर आदित्य मूर्ति ने बताया कि देश में कैंसर तेजी से अपने पांव पसार रहा है. सही जानकारी होने और सही समय पर इसके उपचार से कैंसर का इलाज संभव है. इसके लिए जागरूकता जरूरी है. कैंसर के इलाज में हो रही रिसर्च से भी विशेषज्ञों को अवगत कराना जरूरी है. एसोसिएशन आफ रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट ऑफ इंडिया इसी दिशा में काम कर रहा है. इसी कड़ी में एसआरएमएस मेडिकल कॉलेज में दो दिवसीय साइंटिफिक कांफ्रेंस आठ और नौ अक्टूबर को होगी. इसमें उ.प्र. और दिल्ली के प्रमुख कैंसर अस्पतालों के फैकल्टी शरीर के अलग- अलग अंगों के कैंसर पर चर्चा करेंगे. कांफ्रेंस की आयोजन समिति के अध्यक्ष डा.पियूष कुमार और सचिव डा.पवन मेहरोत्रा हैं,
वहीं, आरआर कैंसर इंस्टीट्यूट एंड रिसर्च सेंटर के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. पियूष कुमार ने कहा कि कैंसर मरीजों का इलाज अलग-अलग तरीकों से किया जा रहा है. इलाज में दी जाने वाली रेडिएशन की मात्रा, विधि और उसे देने के तरीके पर कैंसर विशेषज्ञ एकमत नहीं है. कि कौन सा तरीका और कितनी मात्रा मरीज के लिए उचित है. इस पर सटीक राय बनाने के लिए दो दिवसीय साइंटिफिक कांफ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है.
साइंटिफिक कांफ्रेंस में देश के नामचीन कैंसर विशेषज्ञों के साथ ही अंतरराष्ट्रीय कैंसर विशेषज्ञ भी शामिल हो रहे हैं. इनमें इंग्लैंड से डा.युद्धवीर सिंह नागर भी शामिल होंगे. वहीं, देश के कई नामचीन डॉक्टर और विशेषज्ञ इसकी रोकथाम और निपटने के उपायों पर भी चर्चा करेंगे और इसको लेकर अपने शोध पत्र की जानकारी साझा करेंगे.
बता दें कि SRMS मेडिकल कॉलेज के आरआर कैंसर इंस्टीट्यूट एंड रिसर्च सेंटर कर रहा है. वर्ष 2014 में भी हमारे यहां यूपी स्टेट चैप्टर की कॉन्फ्रेंस सफलतापूर्वक आयोजित हो चुकी है. आदित्य जी ने कहा SRMS मेडिकल कालेज में RR कैंसर इंस्टीट्यूट एंड रिसर्च सेंटर की स्थापना 2007 में हुई.
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