ETV Bharat / state

सतना में भ्रष्टाचार के मामले में सरपंच पर कमिश्नर ने की कार्रवाई, घोषित किया अयोग्य

सतना के करौंदी में घटिया निर्माण कार्य करवाने वाले सरपंच को कमिश्नर ने कार्रवाई करते हुए अयोग्य घोषित कर दिया. आरोप है कि, सरपंच ने कुल 7 लाख 31 हजार रुपए निर्माण कार्य के लिए निकाले थे, लेकिन निर्माण कार्य को गुणवत्ता के मुताबिक नहीं करवाया.

sarpanch withdrew the amount, the Rewa commissioner declared the former sarpanch as commission
घटिया निर्माण कर पूर्व सरपंच ने किया राशि का आहरण
author img

By

Published : Sep 22, 2020, 10:45 AM IST

सतना। मैहर के ग्राम पंचायत करौंदी में सरपंच उपेंद्र सिंह को निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार के आरोप में कमिश्नर ने अयोग्य घोषित कर दिया है. आरोप है कि, सरपंच ने कुल 7 लाख 31 हजार रुपए निर्माण कार्य के लिए निकाले थे, लेकिन निर्माण कार्य को गुणवत्ता के मुताबिक नहीं करवाया. पूरे मामले की शिकायत भगवानदास और ग्रामीणों ने मैहर एसडीएम कोर्ट में की थी. शिकायत के बाद जांच में पाया गया कि, पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह ने पीसीसी सड़क शौचालय निर्माण, शाला निर्माण, कूप निर्माण आदि कार्यों में व्यापक अनियमितता मिली.

तत्कालीन एसडीएम तन्वी हुड्डा ने पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह पर 7 लाख 31 हजार से ज्यादा की राशि वसूली करने का आदेश दिए हैं. जिस पर पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह ने अपर कलेक्टर सतना को आवेदन देकर, रिकवर राशि पर रोक के लिए आवेदन किया था. हालांकि अपर कलेक्टर ने उस आवेदन को खारिज कर दिया है, अपीलकर्ता ने कमिश्नर रीवा को आवेदन दिया था, जिसके बाद रीवा कमिश्नर ने भी पूर्व सरपंच से 7 लाख 31 की राशि वसूली जाने को लेकर पत्र जारी किया है.

इसके साथ ही, सरपंच उपेंद्र सिंह को आयोग घोषित कर दिया गया है, जिससे वो 6 साल तक चुनाव नहीं लड़ सकते हैं. बावजूद इसके पूर्व सरपंच से राशि वसूली नहीं कराई जा सकी है, जब इस संबंध में जनपद पंचायत सीईओ वेद मणि पांडे से जानकारी ली गई, तो उन्होंने बताया कि 2 दिन पहले यह पत्र प्राप्त हुआ है. जिस पर पूर्व सरपंच से राशि वापस लेने के लिए पत्र जारी किया गया है. सरपंच 7 लाख 31 की राशि जमा करें, वहीं अगर सरपंच राशि वापस नहीं करता है, तो वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन पर भू अभिलेख अंतर्गत वसूली की जाएगी.

सतना। मैहर के ग्राम पंचायत करौंदी में सरपंच उपेंद्र सिंह को निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार के आरोप में कमिश्नर ने अयोग्य घोषित कर दिया है. आरोप है कि, सरपंच ने कुल 7 लाख 31 हजार रुपए निर्माण कार्य के लिए निकाले थे, लेकिन निर्माण कार्य को गुणवत्ता के मुताबिक नहीं करवाया. पूरे मामले की शिकायत भगवानदास और ग्रामीणों ने मैहर एसडीएम कोर्ट में की थी. शिकायत के बाद जांच में पाया गया कि, पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह ने पीसीसी सड़क शौचालय निर्माण, शाला निर्माण, कूप निर्माण आदि कार्यों में व्यापक अनियमितता मिली.

तत्कालीन एसडीएम तन्वी हुड्डा ने पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह पर 7 लाख 31 हजार से ज्यादा की राशि वसूली करने का आदेश दिए हैं. जिस पर पूर्व सरपंच उपेंद्र सिंह ने अपर कलेक्टर सतना को आवेदन देकर, रिकवर राशि पर रोक के लिए आवेदन किया था. हालांकि अपर कलेक्टर ने उस आवेदन को खारिज कर दिया है, अपीलकर्ता ने कमिश्नर रीवा को आवेदन दिया था, जिसके बाद रीवा कमिश्नर ने भी पूर्व सरपंच से 7 लाख 31 की राशि वसूली जाने को लेकर पत्र जारी किया है.

इसके साथ ही, सरपंच उपेंद्र सिंह को आयोग घोषित कर दिया गया है, जिससे वो 6 साल तक चुनाव नहीं लड़ सकते हैं. बावजूद इसके पूर्व सरपंच से राशि वसूली नहीं कराई जा सकी है, जब इस संबंध में जनपद पंचायत सीईओ वेद मणि पांडे से जानकारी ली गई, तो उन्होंने बताया कि 2 दिन पहले यह पत्र प्राप्त हुआ है. जिस पर पूर्व सरपंच से राशि वापस लेने के लिए पत्र जारी किया गया है. सरपंच 7 लाख 31 की राशि जमा करें, वहीं अगर सरपंच राशि वापस नहीं करता है, तो वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन पर भू अभिलेख अंतर्गत वसूली की जाएगी.

ETV Bharat Logo

Copyright © 2024 Ushodaya Enterprises Pvt. Ltd., All Rights Reserved.