प्रयागराज : संगम नगरी प्रयागराज में चल रहे धर्म और आस्था के महाकुंभ मेले में देश के विभिन्न क्षेत्रों से संत महात्मा आए हुए हैं. यहां पर पहुंचे संत महात्माओं ने अलग-अलग संकल्प को पूरा करने की कामना के साथ, कई तरह के संकल्पित अनुष्ठान भी कर रहे हैं. इसी कड़ी में महंत स्वामी राम नारायण जी महाराज मथुरा में अयोध्या की तर्ज पर भव्य श्री कृष्ण मंदिर के निर्माण की कामना कर रहे हैं.
देश में सनातन धर्म को मजबूत करने और अयोध्या की तरह ही मथुरा-काशी में भव्य मंदिर के निर्माण की कामना के साथ विशेष अनुष्ठान कर रहे हैं. महाकुंभ क्षेत्र में अरैल में यह अनुष्ठान श्रीयादे प्रजापति अमृत कुंभ महोत्सव शिविर में किया जा रहा है.
महंत स्वामी राम नारायण जी महाराज के निर्देश में इस विशेष संकल्प के साथ हर दिन सवा लाख महामंत्रों का जाप और यज्ञ किया जा रहा है. श्री शनि शांति धाम आश्रम मिश्रोली के पीठाधीश्वर महंत स्वामी रामनारायण जी महाराज ने ईटीवी भारत से बात करते हुए बताया कि 22 फरवरी 2024 से गुजरात के गुरु आश्रम से उन्होंने धर्म जागरण यात्रा की शुरुआत की थी, जो अनवरत चलते हुए विभिन्न राज्यों से होकर यूपी के प्रयागराज में पहुँची है. 14 जनवरी 2025 मकर संक्रांति के दिन यह यात्रा तम्बुओं की नगरी प्रयागराज में पहुँची है.
गंगा में चढ़ाई जाएगी 251 फिट लंबी चुनरी : महंत स्वामी राम नारायण जी महाराज ने बताया कि उनकी यात्रा गुजरात से शुरू होकर राजस्थान और मध्य प्रदेश से होते हुए, प्रयागराज महाकुंभ मेले में 14 जनवरी को पहुंची. जिसके बाद उनके शिविर में प्रतिदिन सवा लाख मंत्रों के जाप के साथ काशी मथुरा मुक्ति और भव्य मंदिर निर्माण की कामना की जा रही.
उन्होंने बताया कि महाकुम्भ में उनके शिविर में काशी और मथुरा की मुक्ति के लिए प्रतिदिन सवा लाख मंत्रों का जाप करते हुए शक्ति महायज्ञ का अनुष्ठान शुरू किया जा चुका है. ये अनुष्ठान महाशिवरात्रि के पर्व 26 फरवरी तक अनवरत चलता रहेगा. इसी बीच 31 जनवरी 2025 को महाकुंभ मेले में भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी. जिसमें बड़ी संख्या में साधु संत और भक्तगण शामिल रहेंगे. इस यात्रा में 251 फिट लंबी चुनरी मां गंगा को चढाई जाएगी.
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