वाराणसी: महाशिवरात्र पर एक ओर जहां लाखों की संख्या में श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए लंबी लाइनों में इंतजार कर रहे हैं तो वहीं दूसरी ओर बड़ी संख्या में लोग भगवान शिव की बारात में भी शामिल हो रहे हैं. बुधवार को भगवान शिव की परंपरागत बारात तिलभांडेश्वर से निकाली गई, जिसमें भूत,प्रेत, पिशाच नर, किन्नर, गंधर्व के साथ महादेव दूल्हा बनकर बनारस की सड़कों पर निकले.
इस मौके पर उनका परिछावन किया गया. दूल्हे की तरह सजाकर उन्हें मां पार्वती से विवाह करने के लिए विदा किया गया. महादेव की बारात में उनके प्रिय गणों के साथ देश-विदेश से लाखों की संख्या में श्रद्धालु भी बाराती बने. इस मौके पर बनारस की सड़कें बिल्कुल एक अलग स्वरूप में नजर आ रही थीं. हर-हर महादेव का उद्घोष और बाराती बने लोग इसे और भी ज्यादा खूबसूरत बना रहे थे.
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बाबा की बारात में शामिल होने के लिए दुबई, न्यूजीलैंड,असम से लोग बनारस पहुंचे हैं. बारातियों ने बताया कि यह बिल्कुल अद्भुत मौका है, जब हम भगवान शिव की बारात देख रहे हैं. इससे पहले हम लोगों ने सिर्फ टीवी पर इस तरीके की बारात देखी थी लेकिन वास्तविकता में यह बिल्कुल अलग और अद्भुत है. हमें आज वही नजारा देखने को मिल रहा है जो हमने अपने धर्म में सुना था. हम बड़े सौभाग्यशाली हैं कि हमें बाबा विश्वनाथ के बारात में बाराती बनने का मौका मिल रहा है. ऐसा लग रहा है कि हम उनके शरण में आ गए हैं और उन्हें दूल्हा बनता हुआ देख एक अलग खुशी और सौभाग्य की प्राप्ति हो रही है.
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गौरतलब हो कि, बनारस में महाशिवरात्रि के मौके पर दो परंपरागत बारात निकाली जाती है. एक तिलभांडेश्वर से जो कि बीते लगभग 5 दशकों से निकल जाती है और दूसरी महामृत्युंजय मंदिर से रात में निकाली जाती है, जो बीते 4 दशकों से निकल जा रही है. तिलभांडेश्वर से निकलने वाली शिव बारात शहर के अलग-अलग देशों से होते हुए 4 किलोमीटर का सफर तय करके वापस तिलभांडेश्वर मंदिर पर समाप्त होती है, जहां बाबा का विवाह होता है. वहीं मैदागिन महामृत्युंजय से निकलने वाली रात की शिव बारात शहर के अलग-अलग हिस्सों से होते हुए विश्वनाथ धाम जाकर समाप्त होती है, जहां बाबा विश्वनाथ का मां गौरा के साथ विवाह होता है.
उन्नाव में धूमधाम से निकली भोले बाबा की बारात: महाशिवरात्रि पर नर सेवा नारायण सेवा समिति और हिंदू जागरण मंच के तत्वावधान में भव्य भोले बाबा की बारात निकाली गई. बारात भाजपा नेता विमल द्विवेदी की अगुवाई में पूरी भव्यता और दिव्यता के साथ नगर के मुख्य मार्गों से गुजरी. इस आयोजन में हजारों श्रद्धालु भगवा ध्वज लेकर शामिल हुए और हर-हर महादेव के जयघोष से पूरा नगर गूंज उठा. भोले बाबा की इस अनूठी बारात में विशाल नंदी पर विराजमान भोलेनाथ और माता पार्वती मुख्य आकर्षण का केंद्र रहे.