ETV Bharat / state

सरयू नदी किनारे एक साथ जली 5 चिताएं, गांव में नहीं जले चूल्हे - नदी में डूबने से मौत

सेराघाट में सरयू नदी में नहाने के दौरान मौत के गाल में समाए पांचों किशोरों की चिताएं एक साथ जलीं. जिसे देख सभी की आंखें नम हो गईं. उधर, अपने भाइयों को खो चुकी दुल्हन अभी भी सदमे से उभर नहीं पाई है. जबकि, गांवों में चूल्हे तक नहीं जले.

youths died drowned
किशोरों का अंतिम संस्कार
author img

By

Published : Jun 10, 2021, 8:18 PM IST

बेरीनागः सेराघाट में सरयू नदी में नहाने के दौरान पांच किशोरों की डूबकर मौत हो गई थी. सभी शवों का स्वास्थ्य केंद्र गणाई में पोस्टमॉर्टम किया गया. जिसके बाद सेराघाट में सरयू नदी तट पर एक साथ पांचों की अंत्येष्टि की गई. अंत्येष्टि के दौरान सभी के आंखें नम हो गईं. वहीं, पूरे गांव में एक भी चूल्हे नहीं जले.

गौर हो कि बीते दिनों सेराघाट के रामपुर से एक बारात गणाई के धौलियाइजर कूना गांव गई थी. बारात लौटने की परंपरा के अनुसार दुल्हन के साथ उसका भाई, चचेरा भाई समेत तीन अन्य युवक उसे छोड़ने उसके ससुराल गए थे. जो बुधवार को अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ की सीमा पर बहने वाली सरयू नदी में नहाने चले गए. जहां सरयू नदी में डूबने से पांच किशोरों की मौत हो गई.

डूबने से इन किशोरों की हुई मौत-

  • रविंद्र कुमार, उम्र- 15 वर्ष.
  • साहिल कुमार, उम्र- 15 वर्ष.
  • मोहित कुमार, उम्र- 17 वर्ष.
  • राजेश कुमार, उम्र- 16 वर्ष.
  • पीयूष कुमार, उम्र- 15 वर्ष.

ये भी पढ़ेंः बेरीनाग के सेराघाट में हादसा, दुल्हन को ससुराल छोड़ने गए भाई समेत पांच युवकों की डूबकर मौत

पांच किशोरों की एक साथ हुई अंत्येष्टि

सरयू नदी में डूबने से मौत के गाल में समाए पांच किशोरों की एक साथ सेराघाट में अंत्येष्टि की गई. एक साथ पांच चिताओं का जलता हुआ देख हर कोई भावुक हो गया. सभी आंखें नम रही.

पूरे गांव में नहीं जले किसी चूल्हे

कूना गांव में एक साथ पांच किशोरों की आक्समिक निधन पर गांव में शोक की लहर है. हर व्यक्ति गमगीन है. बुधवार को किसी भी घर में चूल्हे तक नहीं जले. पूरा गांव शोक में डूबा रहा.

दुल्हा और दुल्हन के घर में मातम

जिस बहन को शादी के विदा के लौट रहे पांचों भाई अकाल मौत के मुंह में चले गए. जहां दुल्हन और दूल्हे के घर में मंगलवार तक बारात की रौनक थी. इन घरों में घटना के बाद मातम पसरा हुआ है. हर कोई परिजनों को ढांढस बंधाने का काम कर रहे हैं.

दुल्हन सपना पर टूटा दुःखों का पहाड़

बीते तीन दिन पहले शादी में दुल्हन बनकर गई सपना ससुराल में पहुंचकर अभी अच्छी तरह से बैठी तक नहीं थी कि ये दुखद घटना का सामना करना पड़ा. उसे ससुराल में छोड़ने के लिए आए उसका सगा भाई रविंद्र समेत रिश्ते के पांचों भाई दुनिया ही छोड़कर चले गए. घटना के बाद नव विवाहिता बहन सपना भी बेसुध हो गई है. बार बार चीखकर भाईयों को याद कर रही है.

ये भी पढ़ेंः अल्मोड़ा में गहरी खाई में गिरी बोलेरो, 6 साल की बच्ची समेत 2 की मौत

सोशल मीडिया पर लोगों ने व्यक्त की संवेदना

सेराघाट में दिलदहलाने वाली घटना के बाद सोशल मीडिया के माध्यम से लगातार लोग इस घटना पर दुःख जताने के साथ संवेदना व्यक्त कर हैं. मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, राज्यपाल समेत कई लोगों ने घटना पर दुःख जताया है. एक साथ पांच किशोरों की मौत पर हर कोई स्तब्ध है.

पुलिस ने लोगों से की ये अपील

सेराघाट में पांचों किशोरों के शवों को पुलिस ने रेस्क्यू किया. साथ ही नदी से शव अपने कंधों में रखकर अस्पताल तक पहुंचाया. पुलिस उपाधीक्षक राजन सिंह रौतेला ने घटनास्थल पर पहुंचकर संवेदना जताई. उन्होंने कहा कि बरसाती सीजन होने के कारण नदी और नालों का जलस्तर काफी ज्यादा बढ़ जाता है. जिस कारण डूबने और बहने का खतरा भी ज्यादा रहता है. ऐसे में बच्चों को नदी-नालों के पास न भेजें.

बेरीनागः सेराघाट में सरयू नदी में नहाने के दौरान पांच किशोरों की डूबकर मौत हो गई थी. सभी शवों का स्वास्थ्य केंद्र गणाई में पोस्टमॉर्टम किया गया. जिसके बाद सेराघाट में सरयू नदी तट पर एक साथ पांचों की अंत्येष्टि की गई. अंत्येष्टि के दौरान सभी के आंखें नम हो गईं. वहीं, पूरे गांव में एक भी चूल्हे नहीं जले.

गौर हो कि बीते दिनों सेराघाट के रामपुर से एक बारात गणाई के धौलियाइजर कूना गांव गई थी. बारात लौटने की परंपरा के अनुसार दुल्हन के साथ उसका भाई, चचेरा भाई समेत तीन अन्य युवक उसे छोड़ने उसके ससुराल गए थे. जो बुधवार को अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ की सीमा पर बहने वाली सरयू नदी में नहाने चले गए. जहां सरयू नदी में डूबने से पांच किशोरों की मौत हो गई.

डूबने से इन किशोरों की हुई मौत-

  • रविंद्र कुमार, उम्र- 15 वर्ष.
  • साहिल कुमार, उम्र- 15 वर्ष.
  • मोहित कुमार, उम्र- 17 वर्ष.
  • राजेश कुमार, उम्र- 16 वर्ष.
  • पीयूष कुमार, उम्र- 15 वर्ष.

ये भी पढ़ेंः बेरीनाग के सेराघाट में हादसा, दुल्हन को ससुराल छोड़ने गए भाई समेत पांच युवकों की डूबकर मौत

पांच किशोरों की एक साथ हुई अंत्येष्टि

सरयू नदी में डूबने से मौत के गाल में समाए पांच किशोरों की एक साथ सेराघाट में अंत्येष्टि की गई. एक साथ पांच चिताओं का जलता हुआ देख हर कोई भावुक हो गया. सभी आंखें नम रही.

पूरे गांव में नहीं जले किसी चूल्हे

कूना गांव में एक साथ पांच किशोरों की आक्समिक निधन पर गांव में शोक की लहर है. हर व्यक्ति गमगीन है. बुधवार को किसी भी घर में चूल्हे तक नहीं जले. पूरा गांव शोक में डूबा रहा.

दुल्हा और दुल्हन के घर में मातम

जिस बहन को शादी के विदा के लौट रहे पांचों भाई अकाल मौत के मुंह में चले गए. जहां दुल्हन और दूल्हे के घर में मंगलवार तक बारात की रौनक थी. इन घरों में घटना के बाद मातम पसरा हुआ है. हर कोई परिजनों को ढांढस बंधाने का काम कर रहे हैं.

दुल्हन सपना पर टूटा दुःखों का पहाड़

बीते तीन दिन पहले शादी में दुल्हन बनकर गई सपना ससुराल में पहुंचकर अभी अच्छी तरह से बैठी तक नहीं थी कि ये दुखद घटना का सामना करना पड़ा. उसे ससुराल में छोड़ने के लिए आए उसका सगा भाई रविंद्र समेत रिश्ते के पांचों भाई दुनिया ही छोड़कर चले गए. घटना के बाद नव विवाहिता बहन सपना भी बेसुध हो गई है. बार बार चीखकर भाईयों को याद कर रही है.

ये भी पढ़ेंः अल्मोड़ा में गहरी खाई में गिरी बोलेरो, 6 साल की बच्ची समेत 2 की मौत

सोशल मीडिया पर लोगों ने व्यक्त की संवेदना

सेराघाट में दिलदहलाने वाली घटना के बाद सोशल मीडिया के माध्यम से लगातार लोग इस घटना पर दुःख जताने के साथ संवेदना व्यक्त कर हैं. मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, राज्यपाल समेत कई लोगों ने घटना पर दुःख जताया है. एक साथ पांच किशोरों की मौत पर हर कोई स्तब्ध है.

पुलिस ने लोगों से की ये अपील

सेराघाट में पांचों किशोरों के शवों को पुलिस ने रेस्क्यू किया. साथ ही नदी से शव अपने कंधों में रखकर अस्पताल तक पहुंचाया. पुलिस उपाधीक्षक राजन सिंह रौतेला ने घटनास्थल पर पहुंचकर संवेदना जताई. उन्होंने कहा कि बरसाती सीजन होने के कारण नदी और नालों का जलस्तर काफी ज्यादा बढ़ जाता है. जिस कारण डूबने और बहने का खतरा भी ज्यादा रहता है. ऐसे में बच्चों को नदी-नालों के पास न भेजें.

ETV Bharat Logo

Copyright © 2025 Ushodaya Enterprises Pvt. Ltd., All Rights Reserved.