श्रीनगर: कीर्तिनगर ब्लॉक के चोपड़ियो गांव में निर्माणाधीन स्टोन क्रशर का लोग विरोध कर रहे थे. उनके विरोध करने के बाद जिला प्रशासन ने जांच रिपोर्ट मंगाई थी. जांच रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि स्टोन क्रशर बनाने में नियमों की धज्जियां उड़ाई गई हैं. उपजिलाधिकारी ने जिला प्रशासन को जो रिपोर्ट सौंपी है उसके अनुसार स्टोन क्रशर मानकों पर खरा नहीं उतरता. स्टोन क्रशर की नदी के तल से दूरी 250 मीटर होनी चाहिए, लेकिन इसकी नदी तल से दूरी मात्र 90 मीटर ही है. उपजिलाधिकारी कीर्तिनगर ने जिला प्रशासन टिहरी को रिपोर्ट भेज दी है.
3 सितम्बर से चोपड़ियो के ग्रामीण स्टोन क्रशर के विरोध में लामबंद हो गए थे. ग्रामीण स्टोर क्रशर को गांव से हटाने की मांग कर रहे थे. उनका कहना है कि कि स्टोन क्रशर से खेती और पेयजल स्रोत प्रभावित हो रहे हैं. इसके बाद कीर्तिनगर की उपजिलाधिकारी ने टीम के साथ स्टोन क्रशर का स्थलीय निरीक्षण किया.
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कीर्तिनगर की उपजिलाधिकारी आकांक्षा वर्मा का कहना है कि उन्होंने स्टोन क्रशर का निरीक्षण किया. उन्होंने पाया कि क्रशर नदी के बहुत ही नजदीक है और नियमावली 2016 को पूर्ण नहीं करता है. इसलिए उन्होंने इस सम्बन्ध में जांच रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेज दी है. अब इस पर शासन स्तर पर कार्रवाई होगी.