ETV Bharat / state

मुजफ्फरनगर: कोरोना वायरस से निपटने लिए जिला अस्पताल में हुई मॉक ड्रिल - coronavirus latest news

उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में एंटी कोरोना टीम ने जिला हॉस्पिटल में मॉक ड्रिल की. मॉक ड्रिल में बताया गया कि कैसे कोरोना वायरस संदिग्ध व्यक्ति को जिला अस्पताल में भर्ती कराना है.

mock drill of district admin and health muzaffarnagar
मुजफ्फरनगर में एंटी कोरोना टीम द्वारा जिला अस्पताल में की मॉक ड्रिल
author img

By

Published : Mar 22, 2020, 3:23 PM IST

मुजफ्फरनगर: एक तरफ जहां प्रधानमंत्री मोदी की अपील पर जनता कर्फ्यू में आम जन सहयोग कर रहा है, तो दूसरी ओर स्वास्थ विभाग और जिला प्रशासन भी एक्शन मोड पर है. रविवार को जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की एंटी कोरोना टीम ने जिला हॉस्पिटल में मॉक ड्रिल की.

मुजफ्फरनगर जिला चिकित्सालय में कोरोना वायरस संदिग्ध व्यक्ति द्वारा भर्ती होने में आनाकानी करने पर किस तरह उसे भर्ती कराया जाएगा, उसको लेकर जिला हॉस्पिटल में एन्टी कोरोना टीम द्वारा मॉक ड्रिल की गई. जिसमें एक स्वस्थ व्यक्ति को कोरोना वायरस संदिग्ध पीड़ित बनाकर जिला हॉस्पिटल लाया गया, फिर उसे भर्ती करने को बोला गया तो उसने भर्ती होने से साफ इनकार किया. जिसके बाद उसे पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने समझाया. लेकिन बावजूद इसके जब संदिग्ध पीड़ित नहीं माना तो एंटी कोरोना टीम ने उसको जबरदस्ती वार्ड में भर्ती कराया. इस मॉक ड्रिल से लोगों को संदेश दिया गया, कि कोरोना से डरे नहीं सावधान रहें सुरक्षित रहें. मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण चोपड़ा ने कहा आमजन को जांच कराने से परहेज नहीं करना चाहिए.

मुजफ्फरनगर: एक तरफ जहां प्रधानमंत्री मोदी की अपील पर जनता कर्फ्यू में आम जन सहयोग कर रहा है, तो दूसरी ओर स्वास्थ विभाग और जिला प्रशासन भी एक्शन मोड पर है. रविवार को जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की एंटी कोरोना टीम ने जिला हॉस्पिटल में मॉक ड्रिल की.

मुजफ्फरनगर जिला चिकित्सालय में कोरोना वायरस संदिग्ध व्यक्ति द्वारा भर्ती होने में आनाकानी करने पर किस तरह उसे भर्ती कराया जाएगा, उसको लेकर जिला हॉस्पिटल में एन्टी कोरोना टीम द्वारा मॉक ड्रिल की गई. जिसमें एक स्वस्थ व्यक्ति को कोरोना वायरस संदिग्ध पीड़ित बनाकर जिला हॉस्पिटल लाया गया, फिर उसे भर्ती करने को बोला गया तो उसने भर्ती होने से साफ इनकार किया. जिसके बाद उसे पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने समझाया. लेकिन बावजूद इसके जब संदिग्ध पीड़ित नहीं माना तो एंटी कोरोना टीम ने उसको जबरदस्ती वार्ड में भर्ती कराया. इस मॉक ड्रिल से लोगों को संदेश दिया गया, कि कोरोना से डरे नहीं सावधान रहें सुरक्षित रहें. मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण चोपड़ा ने कहा आमजन को जांच कराने से परहेज नहीं करना चाहिए.

इसे भी पढ़ें: मुजफ्फरनगर में बनाए गए तीन आइसोलेशन सेंटर, लेकिन नहीं है ब्लड सैंपल जांच की व्यवस्था

ETV Bharat Logo

Copyright © 2025 Ushodaya Enterprises Pvt. Ltd., All Rights Reserved.