लखनऊ: लॉकडाउन के दौरान लोगों की कार घरों में या फिर गैराज में खड़ी है और यह पूरी तरह से जाम हो चुकी है. इस समय किस प्रकार से अपनी कारों की सुरक्षा की जा सकती है. इसको लेकर ईटीवी भारत ने राजधानी लखनऊ के एक कार शोरूम मैकेनिक से बात की. वहीं इस दौरान उन्होंने तमाम महत्वपूर्ण टिप्स दिए, जिससे कार की सेफ्टी की जा सकती है. मैकेनिक ने बताया कि अचानक स्टार्ट करने या हैंडब्रेक लगे होने के चलते कार में नुकसान हो सकता है. इसका ध्यान रखा जाए.
4-5 दिन में एक बार करें स्टार्ट
मैकेनिक पप्पू वाजपेयी ने बताया कि गाड़ियां इस समय खड़ी है, तो कम से कम 4-5 दिन बाद एक बार स्टार्ट कर देना चाहिए. स्टार्ट करने के बाद यह ध्यान देना चाहिए कि तुरंत एक्सीलेरेटर से रेस नहीं देनी चाहिए. धीरे-धीरे उसके आरपीएम अपने आप आएंगे तब रेस दी जा सकती है. साथ ही रेस देने के बाद यह जरूर देखना चाहिए कि हैंडब्रेक हटा या नहीं. साथ ही गाड़ी को थोड़ा सा मूवमेंट में ला दें.
मैकेनिक ने बताया कि मूवमेंट लाने का मतलब है थोड़ी दूर चला कर फिर लाकर उसे फिर से खड़ी कर दें, जिससे उसके ब्रेक जाम होने की कोई गुंजाइ न हो. साथ ही यह बात भी याद रखनी चाहिए कि गाड़ी जब स्टार्ट करें तो सभी दरवाजे खोल दें.
शुरू में कार का एसी जरूर चलाएं
मैकेनिक पप्पू वायपेयी ने बताया कि इसके साथ ही गाड़ी के एसी को 1 मिटन जरूर चलाएं, जिससे उसका ब्लोवर ब्लॉक न हो. साथ ही एसी ठीक तरीके से काम करेगा. इसी तरह गाड़ी जब भी आप स्टार्ट करें तो उसे और मूवमेंट करेंगे, जिसके उसके टायर की हवा का भी प्रेशर सही रहेगा. क्योंकि खड़ी गाड़ियों में अक्सर हवा कम हो जाती है. जब भी आप चार-पांच दिन में स्टार्ट करें तो यह ठीक रहेगा. मैकेनिक ने बताया कि इसी बहाने गाड़ी स्टार्ट होगी और उसकी बैटरी भी वापस चार्ज हो जाएगी.
सेल्फ का जल्दी-जल्दी न करेंं इस्तमाल
मैकेनिक पप्पू वाजपेयी ने बताया कि गाड़ी बहुत दिन से खड़ी है और उसको स्टार्ट करना है. कभी-कभी एक सेल्फ में स्टार्ट नहीं होती है तो परेशान होने की जरूरत नहीं है. आराम से दूसरे सेल्फ में स्टार्ट गाड़ी की जा सकती है. साथ ही ऐसे समय पैनिक होने की जरूरत नहीं है कि एक सेल्फ में स्टार्ट न हो तो आप बार-बार सेल्फ न लें. क्योकि ऐसे में सेल्फ का भी नुकसान हो सकता है.
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