रांची: बीसीसीएल के तात्कालीन जीएम पीके दूबे समेत सात बीसीसीएल अधिकारियों और एक निजी कंपनी के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मनी लाउंड्रिंग की प्राथमिकी दर्ज की है. ईडी ने सीबीआई की धनबाद एसीबी ब्रांच में दर्ज एफआईआर में मनी लाउंड्रिंग के सुराग मिलने के बाद ईडी ने 22.16 करोड़ रुपेए की मनी लाउंड्रिंग की जांच शुरू की है.
लगातार जारी है ईडी की कारवाई
ईडी ने हाल के दिनों में मनी लाउंड्रिंग को लेकर लगातार बड़ी कार्रवाईयां की हैं. 19 फरवरी को भी ईडी ने 136 करोड़ के बैंक घोटाले में मेसर्स कॉरपोरेट इस्पात एलॉय लिमिटेड के निदेशक, प्रमोटर समेत आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी.
किन किन मामलों में ईडी ने दर्ज की एफआईआर
केस 1- गिरिडीह में फर्जी खातों से निकाले गए थे 9.30 करोड़
सीबीआई ने 17 दिसंबर 2019 को गिरिडीह टाउन सब ऑफिस से 24 फर्जी खातों के जरिए 9.30 करोड़ की निकासी के मामले में एफआईआर दर्ज की थी. सीबीआई एसीबी में दर्ज एफआईआर के आधार पर ईडी ने तत्कालीन असिस्टेंट पोस्ट मास्टर मो. अलताफ, बासुदेव दास, पवन कुमार और शशिभूषण कुमार के खिलाफ मनी लाउंड्रिंग का मामला दर्ज किया है. साल 2014-18 के बीच फर्जी सेविंग खातों से पैसों की निकासी की गई थी.
केस 2- बीसीसीएल में 13.5 करोड़ के घोटाले का मामला
ईडी ने बीसीसीएल लोदना एरिया में 13.5 करोड़ के घोटाले के मामले में तत्कालीन जेनरल मैनेजर प्रकाश चंद्र, एडिशनल जेनरल मैनेजर बीएन सिंह, प्रोजेक्ट अफसर कल्याणी प्रसाद, मैनेजर एके पांडेय, एरिया सर्वे अफसर एन मंडल, सर्वेयर अनूप कुमार महंथा व देव प्रभा प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ मनी लाउंड्रिंग का मामला दर्ज किया है. सीबीआई ने पूर्व में इस मामले में एफआईआर दर्ज किया था जिसमें जिक्र था कि बीसीसीएल के 61756 मिट्रिक टन कोयले की स्टॉक जीनागोड़ा कोलियरी लोदना एरिया से गायब कर 13.5 करोड़ का नुकसान पहुंचाया गया.
केस 3- धनबाद के बीसीसीएल अधिकारी के खिलाफ 1.20 करोड़ का मामला
ईडी ने बीसीसीएल धनबाद के कुसुंडा एरिया के गोनुडीह खास कोलियरी के प्रोजेक्ट अफसर राम कृष्ण रमण के खिलाफ 1.20 करोड़ के मनी लाउंड्रिंग की एफआईआर दर्ज की है. 16 जनवरी 2019 को सीबीआई ने रामकृष्ण रमण को रंगेहाथ घूस लेते गिरफ्तार किया था. जांच में यह बात सामने आयी थी कि रामकृष्ण रमण ने अपनी आय से 73.79 प्रतिशत अधिक संपत्ति अर्जित की है.