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अररिया में इंजीनियरिंग कॉलेज बनाने का रास्ता साफ, वन विभाग के साथ चल रहा विवाद सुलझा - अररिया

अररिया में इंजीनियरिंग कॉलेज के जमीन विवाद को निपटा लिया गया है. मामले के निष्पादन में बिहार सरकार के भुमि सुधार, पर्यावरण और भवन निर्माण विभाग के प्रमुख सचिवों ने अपना अहम योगदान दिया.

इंजीनियरिंग कॉलेज
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Published : Sep 20, 2019, 11:58 AM IST

Updated : Sep 20, 2019, 4:03 PM IST

अररिया: जिले के सिमराहा में बन रहे इंजीनियरिंग कॉलेज और रेणु वन विभाग के बीच जमीन विवाद को निपटा लिया गया. इस विवाद को हल करने के लिए बिहार सरकार के तीन प्रधान सचिव मौके पर पहुंच कर मामले की जानकारी ली. जिसके बाद तमाम समस्याओं को दूर करते हुए कॉलेज निर्माण के मार्ग को प्रशस्त किया. मामले के निष्पादन में बिहार सरकार के भूमि सुधार, पर्यावरण और भवन निर्माण विभाग के प्रमुख सचिवों ने अपना अहम योगदान दिया.

कॉलेज जमीन विवाद का हुआ निष्पादन

क्या है पूरा मामला
इंजीनियरिंग कॉलेज की भवन बनाने के लिए जिस जमीन को जिला प्रशासन ने आवंटित किया था. वह जमीन वन विभाग की थी. मामले का खुलासा होने के बाद बिहार सरकार के प्रधान वन संरक्षक शिव शंकर चौधरी ने भवन निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता को तत्काल काम रोकने का आदेश दिया था. प्रधान वन संरक्षक के आदेश मिलते ही अररिया वन विभाग के कर्मियों ने सिमराहा पहुंचकर कॉलेज निर्माण कार्य पर रोक लगा दिया था. जिसके बाद यह निर्माण कार्य ठप पड़ा था.

araria
निरीक्षण करने पहुंचे अधिकारी

'मसले का हल स्पॉट पर जाकर किया जाए'
भूमि सुधार के प्रधानसचिव ने बताया कि जो इंजीनियरिंग और रेणु वन विभाग बनना है. उसके लिए जमीन विवाद का निष्पादन कर लिया गया है. अब कॉलेज निर्माण का कार्य जल्द शुरू किया जाएगा. उन्होंने कहा कि सीएम का आदेश था कि मसले का हल स्पॉट पर जाकर किया जाए. जिसके बाद हमने यहां आकर इस समस्या का निष्पादन किया है.

अररिया: जिले के सिमराहा में बन रहे इंजीनियरिंग कॉलेज और रेणु वन विभाग के बीच जमीन विवाद को निपटा लिया गया. इस विवाद को हल करने के लिए बिहार सरकार के तीन प्रधान सचिव मौके पर पहुंच कर मामले की जानकारी ली. जिसके बाद तमाम समस्याओं को दूर करते हुए कॉलेज निर्माण के मार्ग को प्रशस्त किया. मामले के निष्पादन में बिहार सरकार के भूमि सुधार, पर्यावरण और भवन निर्माण विभाग के प्रमुख सचिवों ने अपना अहम योगदान दिया.

कॉलेज जमीन विवाद का हुआ निष्पादन

क्या है पूरा मामला
इंजीनियरिंग कॉलेज की भवन बनाने के लिए जिस जमीन को जिला प्रशासन ने आवंटित किया था. वह जमीन वन विभाग की थी. मामले का खुलासा होने के बाद बिहार सरकार के प्रधान वन संरक्षक शिव शंकर चौधरी ने भवन निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता को तत्काल काम रोकने का आदेश दिया था. प्रधान वन संरक्षक के आदेश मिलते ही अररिया वन विभाग के कर्मियों ने सिमराहा पहुंचकर कॉलेज निर्माण कार्य पर रोक लगा दिया था. जिसके बाद यह निर्माण कार्य ठप पड़ा था.

araria
निरीक्षण करने पहुंचे अधिकारी

'मसले का हल स्पॉट पर जाकर किया जाए'
भूमि सुधार के प्रधानसचिव ने बताया कि जो इंजीनियरिंग और रेणु वन विभाग बनना है. उसके लिए जमीन विवाद का निष्पादन कर लिया गया है. अब कॉलेज निर्माण का कार्य जल्द शुरू किया जाएगा. उन्होंने कहा कि सीएम का आदेश था कि मसले का हल स्पॉट पर जाकर किया जाए. जिसके बाद हमने यहां आकर इस समस्या का निष्पादन किया है.

Intro:अररिया ब्रेकिंग, इंजीनियरिंग कॉलेज जमीन विवाद मामला हल, सरकार के तीन प्रधान सचिव पहुंचे अररिया,पर्यावरण, राजश्व और भवन निर्माण विभाग, सिमराहा में बन रहे इंजीनियरिंग कॉलेज जमीन विवाद से जुड़ा है मामला, जल्द ही शुरू होगा कार्य।Body:अररिया सिमराहा में बन रहे इंजीनियरिंग कॉलेज पर छाया संकट गुरुवार को ख़त्म हो गया है। तमाम समस्याओं को दूर करते हुए कॉलेज निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया। अब 11 एकड़ जमीन पर 86.63 करोड़ की लागत से सिमराहा मे इंजीनियरिंग कॉलेज का निर्माण होगा। तो प्रसाद कंस्ट्रक्शन और कंपनी द्वारा विगत 22 अगस्त से ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया था, लेकिन वन विभाग के दखल और अड़चन के बाद निर्माण कार्य पर रोक लग गयी थी। इसकी गूंज सिमराहा से लेकर सरकार स्तर गई थी। जहां इंजीनियरिंग कॉलेज भवन का निर्माण हो रहा है। भूमि सुधार के प्रधानसचिव। ने बताया कि जो इंजीनियरिंग कॉलेज व रेणु वन बनना है दोनों के लिए जगह खोज लिया गया है। जो सरकारी विवादित ज़मीन है उसे संवैधानिक रूप से प्राप्त करना चाहेंगे। और जो वन की ज़मीन है उसे देना भी चाहेंगे उसे फिक्स भी करेंगे। बिहार सरकार और वन विभाग के बीच का विवाद पूरी तरह से ख़त्म हो चुका है। कॉलेज का काम जल्द ही शुरू किया जाएगा। सीएम का आदेश था कि मसले का हल स्पॉट पर जाकर करना है।Conclusion:संबंधित विसुअल
बाइट प्रधानसचिव भूमि सुधार
Last Updated : Sep 20, 2019, 4:03 PM IST
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