पटना:बीजेपी सांसद सुशील कुमार मोदी (BJP MP Sushil Kumar Modi) ने बताया कि अग्निवीरों को केंद्रीय सुरक्षा बल में 10 फीसदी आरक्षण (10 percent reservation for Agniveer in Central Security Force) देने पर सहमति बन गई है. उन्होंने ट्वीट कर बताया कि मेरे एक प्रश्न के उत्तर में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने जानकारी दी कि पूर्व अग्निवीरों के लिए केंद्रीय सशस्त्र पुलिसबलों और असम राइफल्स में कॉन्स्टेबल (सामान्य ड्यूटी) एवं राइफलमैन के पद की भर्ती में 10% रिक्तियां आरक्षित करने के लिए सैद्धांतिक सहमति दी गई है. साथ ही अग्निवीरों को केंद्रीय सुरक्षा बल में भर्ती की आयु सीमा में ढील और शारीरिक दक्षता परीक्षा से छूट भी दी जाएगी.
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अग्निवीरों को केंद्रीय सुरक्षा बल में 10 फीसदी आरक्षण:सुशील कुमार मोदी ने एक अन्य प्रश्न के उत्तर में बताया कि पूर्व अग्निवीरों की भर्ती के लिए न्यूनतम ऊंचाई मानदंड में उनकी संबंधित श्रेणी मसलन, सामान्य, अनुसूचित जनजाति, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों के एसटी अभ्यर्थी आदि के अनुसार ढील दी जाएगी. अग्निवीरों को केंद्रीय सुरक्षा बल में भर्ती में आरक्षण के प्रावधानों में छूट देने के मुद्दे पर सरकार ने बताया कि रक्षा बलों में चार साल की अवधि पूरी करने के बाद, जब पूर्व अग्निवीरों का पहला बैच भर्ती के लिए उपलब्ध होगा, तो उन्हें (पूर्व अग्निवीरों को) आरक्षण के प्रावधान के अनुरूप 10% होरिजेंटल (यथा अनुसूचित जाति/ जनजाति/ पिछड़ा वर्ग) आरक्षण देने का निर्णय लिया गया है.
क्या है अग्निपथ योजना?:दरअसल, केन्द्र सरकार सेना में भर्ती होने के लिए नई योजना लेकर आई है. इस योजना के अनुसार, 17.5 साल से 23 साल के बीच के युवाओं को को 4 साल के लिए सेना में भर्ती किया जाएगा. इसके लिए अग्निवारों को अलग-अलग पैकेज में सैलरी दी जाएगी. हालांकि इस भर्ती के खिलाफ देशभर में हिंसक प्रदर्शन हुए थे. बिहार में ट्रेनों को भी आग के हवाले कर दिया गया था. इसके अलावा देश के ज्यादातर राज्यों में इस योजना का विरोध किया गया था.
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