छत्तीसगढ़

chhattisgarh

ETV Bharat / state

छत्तीसगढ़ में छेरछेरा पर्व का छाया उत्साह, जनप्रतिनिधियों ने दी शुभकामनाएं - विष्णुदेव साय

Chherchhera festival in Chhattisgarh छत्तीसगढ़ का लोकपर्व छेरछेरा धूमधाम से मनाया जा रहा है.इस मौके पर नेताओं ने प्रदेशवासियों को बधाई दी है.

Chherchhera festival in Chhattisgarh
छत्तीसगढ़ में छेरछेरा पर्व का छाया उत्साह

By ETV Bharat Chhattisgarh Team

Published : Jan 25, 2024, 3:33 PM IST

रायपुर :छत्तीसगढ़ में लोकपर्व छेरछरा काफी उत्साह से मनाया जा रहा है. इस दिन ग्रामीण इलाकों में बच्चों की टोली घर-घर जाकर छेरछेरा मांगते हैं. छेरछेरा यानी नई धान की फसल से निकाला गया चावल. छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों में इस पर्व की अलग ही छटा देखने को मिलती है.ऐसा कहा जाता है कि जो भी इस दिन बच्चों को ये दान करता है वो महादान कहलाता है. हर साल ये पर्व पौष माह की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है.

क्या है छेरछेरा की पौराणिक मान्यता ? :ऐसी मान्यता है कि कौसल प्रदेश के राजा कल्याण साय मुगल सम्राट ने जहांगीर की सल्तनत में युद्ध कला के प्रशिक्षण के लिए गए थे. इस दौरान 8 साल तक महारानी ने राज-काज का काम संभाला. जब वे वापस लौटे तो महारानी ने सोने-चांदी के सिक्के बांटे. उस दिन से दान देने की परंपरा शुरु हुई. ये परंपरा छेरछेरा के रूप में आज भी प्रदेश में जीवित है. इस दिन बच्चे घर-घर जाकर 'अरन बरन कोदो दरन, जभे देबे तभे टरन... छेरछेरा, माई कोठी के धान ले हेरते हेरा...' बोलकर दान मांगते हैं. इस दिन धान के दान का विशेष महत्व है. इस मौके पर छत्तीसगढ़ के नेताओं ने प्रदेशवासियों को छेरछेरा पर्व की बधाई दी है.

सीएम विष्णुदेव साय ने छेरछेरा पर्व की दी बधाई :छत्तीसगढ़ के सीएम विष्णुदेव साय ने छेरछेरा पर्व पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी है.

विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह ने भी दी शुभकामनाएं :छेरछेरा पुन्नी और माता शाकम्भरी जयंती (शाकम्भरी पूर्णिमा) पर आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं. छेरछेरा पुन्नी का यह शुभ दिन प्रदेश में चारों ओर सुख-समृद्धि, नई ऊर्जा स्थापित करे.माता शाकम्भरी का आशीर्वाद समस्त प्रदेशवासियों पर बना रहे. ऐसी मंगलकामना है.

ABOUT THE AUTHOR

...view details