लखनऊ/गोरखपुर: 5 अप्रैल से पूर्वोत्तर रेलवे अपने लखनऊ स्टेशन से सिख धर्म से जुड़े हुए देश के प्रमुख स्थलों की यात्रा और दर्शन कराने के लिए गुरुकृपा यात्रा स्पेशल ट्रेन (Guru Kripa Yatra Special Train) का संचालन करने जा रहा है. इसके माध्यम से विभिन्न स्थलों तक लोग बहुत ही आसानी से पहुंच सकेंगे. पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह की तरफ से जारी सूचना के अनुसार, सम्पूर्ण भारतीय रेल पथ पर थीम आधारित पर्यटक ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है. भारत गौरव ट्रेनें भारतीय रेल की टूरिस्ट सर्किट ट्रेनें हैं, जो भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, ऐतिहासिकता और प्राकृतिक सुन्दरता से भरपूर नगरों के दर्शन कराती हैं.
आईआरसीटीसी द्वारा सिख धर्म के श्रद्धालुओं और अन्य पर्यटकों के लिये आनंदपुर साहिब (श्री केसगढ़ साहिब गुरुद्वारा एवं विरासत-ए-खालसा, श्री कीरतपुर साहिब गुरुद्वारा), सरहिन्द (श्री फतेहगढ़ साहिब), बठिण्डा (श्री दमदमा साहिब), अमृतसर (श्री अकाल तख्त एवं स्वर्ण मन्दिर), नांदेड़ (तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब), बीदर (गुरुद्वारा श्री गुरुनानक झीरा साहिब) और पटना (गुरुद्वारा श्री हरमंदिर जी साहिब) हेतु 'गुरुकृपा यात्रा' के लिये भारत गौरव टूरिस्ट ट्रेन, दस रात्रि एवं ग्यारह दिन के लिये 5 अप्रैल, 2023 को लखनऊ जंक्शन से नई दिल्ली के बीच चलाई जायेगी.
गुरुकृपा यात्रा स्पेशल ट्रेन (Guru Kripa Yatra Special Train) का शुभारम्भ लखनऊ जंक्शन पर आयोजित एक समारोह में आज शाम 5.40 बजे किया जायेगा. उन्होंने बताया कि अब तक लगभग 22 राज्यों और 04 केन्द्र शासित प्रदेशों को कवर करते हुए, देश के विभिन्न भागों से 26 भारत गौरव ट्रेनें चलाई जा चुकी हैं. भारत गौरव ट्रेनों से स्थानीय एवं क्षेत्रीय पयर्टन को बढ़ावा मिलेगा.
हमारे पर्यटन स्थलों और भारत गौरव को लोकप्रिय बनाने के लिये श्री गुरूकृपा यात्रा ट्रेन (भारत गौरव टूरिस्ट ट्रेन) विभिन्न स्टेशनों पर, टूरिस्ट बोर्डिंग ठहराव करते हुए 05 अप्रैल, 2023 को लखनऊ जंक्शन से 17.40 बजे प्रस्थान कर सीतापुर, शाहजहाँपुर, पीलीभीत, बरेली, रामपुर, मुरादाबाद, आनन्दपुर साहिब पहुंचेगी. तीसरे दिन 07 अप्रैल को यह गाड़ी आनंदपुर साहिब से 12.30 बजे प्रस्थान कर सरहिंद, पहुंचकर टूरिस्ट हाल्ट करते हुये, सरहिंद से बठिण्डा पहुंचेगी.
यात्रा पूरी करते हुए ट्रेन 15 अप्रैल को लखनऊ जंक्शन पर 13.45 बजे पहुंचेगी. पूर्वोत्तर रेलवे को मिलने वाली यह पहली भारत गौरव ट्रेन है. इस ट्रेन से क्षेत्र में धार्मिक, ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा. एक स्लीपर कोच में पूजा घर भी बनाया गया है. सभी कोचों में फायर अलार्म सिस्टम एवं बेहतर राइडिंग कम्फर्ट के लिये एयर स्प्रिंग लगाया गया है.