मंडी: हिमाचल और पंजाब के टैक्सी ऑपरेटरों के बीच विवाद थमता नहीं दिख रहा है, जिसको लेकर अब टैक्सी ऑपरेटरों ने सुक्खू सरकार से नाराजगी जताना शुरू कर दी है. हिमाचल टैक्सी ऑपरेटरों का कहना है कि दोनों राज्यों के बीच कई दिनों से विवाद चल रहा है, लेकिन हिमाचल सरकार इस मामले को शांत करवाने के लिए सजग नजर आ रही है. मंडी में आयोजित बैठक में ऑल हिमाचल टैक्सी ऑपरेटर यूनियन ने सरकार पर इस मामले में सजगता नहीं दिखाने का आरोप लगाया है.
मंडी के संस्कृति सदन में आयोजित बैठक में प्रदेश के सभी जिला के टैक्सी ऑपरेटरों ने भाग लिया. ऑल हिमाचल टैक्सी ऑपरेटर यूनियन के प्रधान राम रतन ने कहा कई दिन के बाद भी इस मामले पर सरकार का ढूलमूल रवैया देखने को मिल रहा है. उन्होंने शक जाहिर किया कि यह सब साजिश के तहत किया जा रहा है, लेकिन इसके बावजूद भी सरकार इस मुद्दे को प्रमुखता से नहीं उठा रही है. इस मामले पर प्रदेश सरकार को चौकन्ना रहने की आवश्यकता है.
राम रतन सिंह ने कहा टूरिस्ट सीजन के दौरान दोनों राज्यों में टैक्सी ऑपरेटरों के बीच अक्सर तल्खी बढ़ जाती है. मनाली में पर्यटकों के साथ हुए दुर्व्यवहार पर पुलिस ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई भी की है. लेकिन स्थानीय स्तर पर दोनों राज्यों में कुछ लोग हिंसा का मौहाल बनाने की कोशिश कर रहे हैं, जो कि बिल्कुल भी सही नहीं है.
वहीं, देवभूमि ऑल हिमाचल टैक्सी ऑपरेटर एसोसिएशन संस्थापक नंदा ठाकुर ने कहा ऑपरेटरों ने पंचायती राज मंत्री से मिलकर इस मामलों पर हल निकालने की गुहार भी लगाई है. इस विवाद के बाद पंजाब के कुछ लोगों द्वारा सोशल मीडिया पर भड़काने का प्रयास किया जा रहा है, जो कि गलत बात है. आने वाली 8 जुलाई को पंजाब के टैक्सी ऑपरेटरों की बैठक है. इस बैठक बाद ही हिमाचल के टैक्सी ऑपरेटर अपनी आगामी रणनीति बनाएंगे.
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