रांची: अपने आप्त सचिव के पास से करोड़ों रुपये बरामद होने के बाद आरोपों के घेरे में आए ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम की मुश्किलें बढ़ी हुई हैं. मंगलवार को ईडी द्वारा करोड़ों रुपए के साथ पकड़े गए मंत्री के आप्त सचिव संजीव लाल के सामने आलमगीर आलम से पूछताछ की गई जो फिलहाल जारी है. इन सबके बीच बीजेपी ने मंत्री आलमगीर आलम से इस्तीफे की मांग कर राजनीतिक दबाव बनाने में जुटी है.
बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता अनिमेष कुमार ने आलमगीर आलम को नैतिकता के आधार पर मंत्री पद छोड़ने की सलाह दी है. उन्होंने कहा कि आप्त सचिव के घर और उनके नौकर के पास से जिस तरह करोड़ों रुपए कैश बरामद किया गया उसमें मंत्री की भूमिका से इनकार नहीं किया जा सकता है. इधर बीजेपी के आरोप पर पलटवार करते हुए कांग्रेस बचाव में उतर आई है.
प्रदेश कांग्रेस महासचिव राकेश सिन्हा ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा है कि जिस तरह के आरोप आलमगीर आलम पर लगाए जा रहे हैं वह बेबुनियाद है. भारतीय जनता पार्टी में कई भ्रष्टाचार के आरोपी मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री से लेकर पार्टी के उपाध्यक्ष के पद को सुशोभित कर रहे हैं यहां तक कि प्रधानमंत्री की चुनावी जनसभा में मंच पर ऐसे भ्रष्टाचार के आरोप में फंसे नेताओं की मौजूदगी रहती है और उनकी प्रशंसा की जाती है. आलमगीर आलम ने ईडी के समन का सम्मान किया है और पूछताछ के लिए ईडी दफ्तर गए हैं.
आप्त सचिव संजीव लाल ने मंत्री की बढ़ाई मुश्किल