कोटा. संभागीय आयुक्त एलएन सोनी गुरुवार को सेवानिवृत्त हो गए हैं. ऐसे में गुरुवार देर रात राज्य सरकार ने आदेश जारी करते हुए ग्रामीण विकास विभाग के विशिष्ट शासन सचिव कैलाशचंद मीणा को कोटा का संभागीय आयुक्त बना दिया गया है.
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कोटा इन दिनों कोरोना का हॉटस्पॉट बना हुआ है. यहां के 9 थाना इलाकों में कर्फ्यू है. संभाग के 3 जिलों (कोटा, झालावाड़ और बारां) में कोरोना वायरस केस आ चुके हैं. ऐसे में संभागीय आयुक्त का पद ज्वाइन करने के साथ ही उन्हें कोरोना से संभाग को बचाने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभानी होगी.
जैसलमेर कलेक्टर रह चुके हैं मीणा
कैलाशचंद मीणा मूल रूप से सवाई माधोपुर जिला के निवासी हैं. मीणा का जन्म 9 जुलाई 1964 को हुआ था. वो राजस्थान प्रशासनिक सेवा के अधिकारी के तौर पर राजकीय सेवा में चयनित हुए थे. इसके बाद प्रमोट होकर वो आईएएस बने. मीणा कई विभागों की जिम्मेदारी निभा चुके हैं. साथ ही जैसलमेर के कलेक्टर भी रह चुके हैं.
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एलएन सोनी ने 42 साल दी सेवाएं
कोटा के संभागीय आयुक्त रहे एलएन सोनी 42 साल की सरकारी सेवा के बाद गुरुवार को रिटायर हुए हैं, कमिश्नर सोनी ने करियर की शुरुआत बैंक से की थी. साल 1984 में सेल्स टैक्स में एडिशनल कमिश्नर बने. इसका बाद साल 2012 में आईएएस में प्रमोशन हुआ. वो सीकर, भरतपुर, जालोर में कलेक्टर रहे. प्रमोशन के बाद कोटा के संभागीय आयुक्त बने थे.