जयपुर. प्रशासन शहरों के संग अभियान अपने साथ स्वच्छता का संदेश भी लेकर आ रहा है. 2 अक्टूबर से शुरू होने वाले अभियान से पहले 15 अगस्त तक शौचालय विहीन घरों में व्यक्तिगत घरेलू शौचालय, सार्वजनिक शौचालय और बाजारों में यूरिनल्स के सर्वे/निर्माण के लिए स्वायत्त शासन विभाग ने नगरीय निकायों को आदेश जारी किए हैं.
प्रशासन शहरों के संग अभियान से पहले स्वायत्त शासन विभाग में शहरी क्षेत्र में जिन घरों में शौचालय नहीं है, उनमें शौचालयों की आवश्यकता का आंकलन कर घरेलू शौचालय के निर्माण की कार्य योजना तैयार करने, या फिर उन्हें सामुदायिक शौचालयों से जोड़ने के लिए सीट्स का निर्धारण करने की जिम्मेदारी नगरीय निकायों को सौंपी है. दरअसल, राज्य सरकार की ओऱ से शहरी क्षेत्रों की आम जनता को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने और मूलभूत कार्यों के त्वरित निस्तारण के उद्देश्य से प्रशासन शहरों के संग अभियान शुरू किया जा रहा है.
अभियान के दौरान स्वच्छता के लिए जन जागरूकता और विकास कार्य, शहरों को खुले में शौच मुक्त किए जाने के लिए व्यक्तिगत शौचालय और सामुदायिक शौचालय स्थलों का चिह्नीकरण कर उन्हें स्वीकृति दी जाएगी.
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घरेलू शौचालय की बात करें तो शहरी क्षेत्र में जिन नए घरों में शौचालय नहीं हैं, उनमें शौचालयों की आवश्यकता का आकलन करना होगा. इसके साथ ही घरेलू शौचालयों के निर्माण के लिए इसे विवरण के आधार पर भवन मालिक और लाभार्थी से निर्धारित फॉर्म में जानकारी भरवा कर प्रत्येक निकाय की ओऱ से आवश्यक घरेलू शौचालयों के निर्माण की कार्य योजना तैयार करनी होगी.
सामुदायिक शौचालय
जिन घरों में शौचालय बनाने की जगह उपलब्ध नहीं है, उनको सामुदायिक शौचालय से जोड़ने के लिए प्रस्तावित सामुदायिक शौचालयों में सीट्स का निर्धारण करना होगा. इसके साथ ही घनी आबादी वाली कच्ची बस्तियों में सामुदायिक शौचालय की आवश्यकता का आकलन करने के साथ शौचालयों की संख्या का निर्धारण करना होगा. वहीं सामुदायिक शौचालय के निर्माण के लिए कार्य योजना तैयार की जा रही है.
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बाजारों में सार्वजनिक शौचालय
बाजारों में सार्वजनिक शौचालय के लिए व्यापारिक केंद्रों/बाजारों, पर्यटन स्थलों और सार्वजनिक स्थलों पर सार्वजनिक शौचालय/मूत्रालय की आवश्यकता का आकलन किया जा जाएगा. इसके अलावा बाजारों और सार्वजनिक स्थलों में सार्वजनिक शौचालय/मूत्रालय के निर्माण के लिए सर्वे और स्थान का चिह्नीकरण भी किया जाएगा. वहीं सार्वजनिक शौचालय/मूत्रालय के निर्माण के लिए कार्य योजना तैयार करने की कवायद भी शुरू हो गई है.
शौचालयों के निर्माण के लिए आवश्यकता का आकलन करने, सर्वे करने, आवश्यक भूमि/स्थल का चयन करने और निर्माण के लिए कार्य योजना तैयार करने की कार्रवाई 15 अगस्त तक आवश्यक रूप से पूरा करने के निर्देश दिए हैं. साथ ही एक निर्धारित प्रपत्र भी नगरीय निकायों को भेजा गया है. जिसमें पूर्ण विवरण भर विभाग को भेजवाने के लिये निर्देश किया गया है.