दुमका: झारखंड सरकार के कला संस्कृति विभाग की ओर से दुमका में दो दिवसीय संताल उत्सव कार्यक्रम आज धूमधाम से संपन्न हुआ. इसमें बतौर मुख्य अतिथि संथाल परगना के आयुक्त चंद्रमोहन प्रसाद कश्यप ने भाग लिया. इस कार्यक्रम में इस प्रमंडल के सभी छह जिले के आदिवासी लोक कलाकारों ने अपनी कला का प्रदर्शन किया. मांदर की थाप पर झूमते संथाली कलाकारों ने इंडोर स्टेडियम में समां बांध दिया. मौजूद लोग उनके नृत्य-संगीत से मंत्रमुग्ध हो गए.
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कला संस्कृति के विकास में सहायक कार्यक्रम
इस अवसर पर अपने संबोधन में संथाल परगना के आयुक्त चंद्रमोहन प्रसाद कश्यप ने कहा कि किसी भी क्षेत्र की समृद्धि का आइना वहां की कला संस्कृति होती है. अगर कला संस्कृति उन्नत है तो यह आसानी से समझा जा सकता है कि वहां का समाज, वहां के लोग समृद्ध होंगे. आयुक्त ने कहा कि यह कार्यक्रम कला संस्कृति के विकास में काफी सहायक साबित होगा. उन्होंने झारखंड सरकार से भी आग्रह किया कि जिस तरह से इसे प्रमंडलीय मुख्यालय में आयोजित किया गया है, उसी तरह जिलावार इसे आयोजित करें ताकि ज्यादा से ज्यादा कलाकारों को अपनी कला का जौहर दिखाने का मौका मिले.