फरीदाबाद: जमीनी विवाद के चलते दो-तीन दिसंबर 2022 की रात किडावली गांव में फार्म हाउस में जोगेंद्र सिंह की गोली मारकर हत्या करने के मामले में फरीदाबाद कर दी गई थी. घटना की सूचना मिलते ही फरीदाबाद क्राइम ब्रांच सेक्टर-30 की टीम मौके पर पहुंच गई थी. इसके साथ ही थाना भूपानी और FSL की टीम पहुंची मौके पर पहुंची थी. इस संबंध में थाना भूपानी में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था. जिसकी जांच क्राइम ब्रांच सेक्टर-30 की टीम कर रही थी. वहीं, अब क्राइम ब्रांच-30 प्रभारी इंस्पेक्टर सेठी मलिक की टीम ने हत्या के मुकदमे में दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है. (accused of murder in faridabad)
इस मामले में फरीदाबाद एसीपी क्राइम सुरेंद्र श्योराण ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में उधम और बलजीत उर्फ बल्ली का नाम शामिल है. आरोपी बल्ली फरीदाबाद के गांव किडावली का ही रहने वाला है. वहीं, आरोपी उधम पड़ोसी गांव दलेलपुर का निवासी है. 3 दिसंबर को भूपानी थाने में हत्या और अवैध हथियार की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था, जिसमें आरोपियों ने किडावली के रहने वाले जोगेंद्र नाम के व्यक्ति की हत्या कर दी थी. पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी उधम सिंह ने बताया कि मृतक जोगेंद्र की गांव किडावली में 5 एकड़ जमीन थी जो वर्ष 2018 में उसने दिल्ली के गड्ढा कॉलोनी निवासी अख्तर को ढाई करोड़ रुपए में बेच दी थी जिसके लिए अख्तर ने जोगेंद्र को 35 लाख रुपए बयाने के तौर पर दिए थे और बाकी बकाया रकम देने के लिए टाइम मांगा था. (land dispute in faridabad)
बयाने देने के बाद अख्तर ने जोगेंद्र की जमीन पर प्लॉटिंग शुरू कर दी, लेकिन अख्तर ने टाइम पर पैसे नहीं दिए तो जोगेंद्र ने आरोपी उधम के साथ मिलकर करीब 8 महीने पहले अख्तर से अपनी जमीन का कब्जा वापस छुड़वा लिया और जोगेंद्र का जमीन पर दोबारा कब्जा हो गया. कब्जा मिलने के बाद जोगेंद्र जमीन पर अपना मकान बनाकर रहने लगा. कब्जा वापस मिलने के बाद आरोपी उधम ने जोगेंद्र से उसकी जमीन का कब्जा वापस दिलवाने की एवज में जमीन का कुछ हिस्सा मांगा जिसको लेकर दोनों में तनातनी हो गई. जोगेंद्र को डराने के लिए जून 2022 में आरोपी ने जोगेंद्र पर फायरिंग भी करवाई गई थी, जिसकी न तो जोगेंद्र ने कहीं पर शिकायत की और न ही इस पर कोई कार्रवाई करवाई.
ये मामला बढ़ते-बढ़ते दिसंबर 2022 तक आ पहुंचा. ऐसे में तैश में आकर आरोपी उधम सिंह ने जोगेंद्र को जान से मारने का प्लान बनाया. इस प्लान में उसने अपने साथी बल्ली को साथ में लिया और मुताबिक प्लान अवैध असलहा और मोटरसाइकिल का इंतजाम करके जब जोगेंद्र अपने घर के बाहर अपने पालतू कुत्ते को टहला रहा था, उसी दौरान जोगेंद्र की गोली मारकर हत्या कर दी और वहां से फरार हो गए. 3 दिसंबर को भूपानी थाने में हत्या और अवैध हथियार अधिनियम की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करके मामले की जांच शुरू की गई. (Crime news in Faridabad)
क्राइम ब्रांच की टीम ने गुप्त सूत्रों की सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस पूछताछ में सामने आया कि दोनों आरोपियों की उम्र करीब 22 से 24 वर्ष है और दोनों ने साथ में ही पढ़ाई की है और दोनों अच्छे दोस्त हैं. आरोपी उधम ड्राइवरी और आरोपी बल्ली खेती करता है. आरोपी ने बताया कि जमीन का कब्जा वापस मिलने के बाद जब उन्होंने जोगेंद्र से जमीन का कुछ हिस्सा मांगा तो वह आनाकानी करने लगा. आरोपियों को लगा कि उन्होंने जोगेंद्र के लिए इतना कुछ किया और उन्हें कुछ नहीं मिला तो आरोपियों ने तैश में आकर जोगेंद्र की हत्या कर दी. एसीपी का कहना है कि आरोपियों को अदालत में पेश करके पुलिस रिमांड पर लिया जाएगा और मामले में गहनता से पूछताछ करके वारदात में उपयोग हथियार और मोटरसाइकिल जल्द ही बरामद की जाएगी. (Murder in land dispute in Faridabad)
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