कवर्धाः पानी की तलाश में एक हिरण जंगल से भटककर शहरी क्षेत्र में पहुंच गया. जहां हिरण को देखते ही कुत्तों ने दौड़ा लिया. जिसके बाद ग्रामीणों ने किसी तरह से हिरण की जान बचाई. ग्रामीणों ने हिरण को वन विभाग के हवाले कर दिया.
कवर्धा जिला जंगलों से घिरा हुआ है. यहां अनेकों प्रकार के वन्यप्राणी निवास करते है. अक्सर वन्यप्राणी पानी की तलाश में भटककर रहवासी इलाकों तक पहुंच जाते हैं. वहीं कई जानवर ऐसे में भटक भी जाते हैं.
वन्य प्राणियों के लिए क्यों नहीं पेयजल व्यवस्था
जंगल से भठकर वन्य जीव शहरी इलाकों की तरफ जा रहे हैं. गर्मी शुरू होते ही जीव पानी की तलाश में भटकने लगते हैं. ऐसे मे वन विभाग जंगल में पानी की व्यवस्था तक नहीं कर पा रहा है. जिसके चलते कई वन्य जीव अपनी जान गवां देते हैं.
वन विभाग के खोखले दावे
वन विभाग का कहना है कि जंगल में वन्य प्राणियों के लिए 146 अलग-अलग जगहों पर पानी की व्यवस्था की गई है. लेकिन सोचने वाली बात यह है, कि जब पानी की व्यवस्था की गई है, तो जीव पानी की तलाश में शहरी इलाकों की तरफ क्यों जा रहे हैं.
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हिरण को सही सलामत छोड़ा गया जंगल
वन मंड़ल अधिकारी दिलराज प्रभाकर ने बताया की हिरण के देखे जाने की सूचना पर तत्काल वन विभाग की टीम रवेली गांव पहुंची. जहां ग्रामीणों ने हिरण को पकड़कर रखा हुआ था. जिसके बाद फॉरेस्ट ऑफिसर ने हिरण को अपने कब्जे में लेकर जंगल मे सुरक्षित छोड़ दिया है.