धौलपुर : जिले के ऐतिहासिक सैपऊ महादेव मंदिर एवं अन्य शिवालयों में आज महाशिवरात्रि के महापर्व पर श्रद्धालुओं का जन सैलाव उमड़ रहा है सुबह से ही बम-बम भोले के जयकारे शिव मंदिरों में गूंजने लगे. श्रद्धालुओं ने भोले नाथ के दरबार में मत्था टेककर आराधना की. दुग्ध, पंचगव्य, शहद और गंगाजल से भगवान भोले शंकर का अभिषेक किया और हजारों की तादाद में शिवलिंग पर कांवड़ चढ़ाई जा रही है.
महाशिवरात्रि के पर्व पर जिले के सैपऊ के महादेव मंदिर पर लक्खी मेले के साथ ही सुबह से कांवड़ों का आना शुरू हो गया, जो देर शाम तक जारी रहेगा. ग्रामीण अंचलों से आए कांवड़ियों ने शिवलिंग पर गंगाजल अर्पित कर पूजा अर्चना की. जाहिर है कि सैपऊ के लक्खी मेले में लाखों की तादाद में श्रद्धालु आस्था और मनोकामना के साथ आते हैं. श्रद्धालुओं ने शिवलिंग का विधि-विधान से पूजन और अभिषेक कर भोले भंडारी को दुग्ध एवं पंचगव्य से शाही स्नान कराया. इसके बाद गंगाजल की सहस्त्र धारा छोड़ी गई. मेले में कानून व्यवस्था को कायम करने के लिए भारी मात्रा में पुलिस जाप्ता तैनात किया है, जो मेले की हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं.
दूर-दराज से पहुंच रहे श्रद्धालु : ऐतिहासिक महादेव मंदिर पर राजस्थान समेत उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और हरियाणा के श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ के दर्शन करने पहुंच रहे हैं. महादेव मंदिर के गर्भ गृह में सुबह मंगला आरती के बाद श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी. भारी तादाद में श्रद्धालु दर्शन करने पहुंच रहे हैं. मान्यता है कि भगवान शंकर सभी श्रद्धालुओं की मनोकामना पूरी करते हैं.
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सीकर में भी भरा मेला : सीकर जिले के फतेहपुर स्थित बुधगिरी मढ़ी पर आज महाशिवरात्रि पर्व के पावन अवसर पर लक्खी मेले का भव्य आयोजन किया जा रहा है. यह मेला हर साल महाशिवरात्रि पर लगता है और दूर-दूर से श्रद्धालु भगवान शिव का जलाभिषेक करने पहुंचते हैं. इस बार मेले में जलाभिषेक, तुलादान और नंदी पूजा जैसे धार्मिक अनुष्ठान पूरे दिन चलेंगे. सुबह 6:15 बजे महा रुद्राभिषेक के साथ मेले की शुरुआत हुई. इसके बाद मंदिर परिसर में भगवान भोलेनाथ की विशेष पूजा और श्रृंगार की गई. मंदिर को भव्य रोशनी और फूलों से सजाया गया है. आज विभिन्न संस्कृतिक झांकियों और शिव बारात का भी आयोजन किया जाएगा, जिसमें भगवान शिव, माता पार्वती और अन्य देवी-देवताओं की झांकियां सजाई जाएंगी. स्थानीय कलाकारों की ओर से लोकगीत और भजन संध्या का भी कार्यक्रम होगा.
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तालवृक्ष धाम में महाशिवरात्रि की धूम : बानसूर विधानसभा क्षेत्र के अलवर रोड पर स्थित तालवृक्ष धाम में महाशिवरात्रि के सर पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी जा रही है. यह स्थल अपनी प्राकृतिक सुंदरता, पौराणिक और ऐतिहासिक महत्व के लिए प्रसिद्ध है. यहां स्थित भूतेश्वर महादेव का मंदिर विशेष आकर्षण का केंद्र है, जहां 7 फीट ऊंची शिवलिंग विराजमान है. मान्यता है कि यह शिवलिंग पृथ्वी के गर्भ से निकला था. महाभारत काल में पांडवों ने यहां अपने हथियार छिपाए थे. तालवृक्ष धाम के गर्म और ठंडे पानी के कुंड भी यहां के प्रमुख आकर्षण हैं, जहां स्नान से चर्म रोगों से मुक्ति मिलती है. मानसून के दौरान यहां का हरियाली और झीलों का दृश्य अद्भुत होता है. यह धार्मिक, ऐतिहासिक और प्राकृतिक दृष्टि से समृद्ध स्थल हर साल हजारों श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित करता है.