बिहार

bihar

ETV Bharat / state

पटना के पॉश इलाके में नकली शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़, डुप्लीकेट शराब के साथ दो गिरफ्तार - LIQUOR FACTORY IN PATNA

पटना में उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है. यहां डुप्लीकेट शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया.

Fake Liquor Factory In Patna
पटना में नकली शराब फैक्ट्री (Etv Bharat)

By ETV Bharat Bihar Team

Published : Oct 17, 2024, 11:43 AM IST

पटना: बिहार में शराबबंदी कानून लागू है फिर भी लाल पानी का काला खेल लगातार शराब माफियाओं द्वारा किया जा रहा है. इसी कड़ी में पटना में मद्य निषेध विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नकली अंग्रेजी शराब फैक्ट्री का उद्भेदन किया है. जहां से भारी मात्रा में डुप्लीकेट शराब भी बरामद की गई. वहीं वैशाली के रहने वाले अमन कुमार और समस्तीपुर के रहने वाले मोहित दिनकर को गिरफ्तार किया गया है.

मद्य निषेध विभाग की कार्रवाई: मद्य निषेध विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि कांटी फैक्ट्री गांधीनगर में नकली शराब फैक्ट्री का संचालन किया जा रहा है. जिसके बाद मद्य निषेध विभाग की टीम ने कार्रवाई और भारी मात्रा में शराब के रैपर, बोतल और ढक्कन बरामद किए गए. वहीं से उत्पाद विभाग की टीम के द्वारा अमन कुमार और मोहित दिनकर को भी गिरफ्तार किया गया.

पटना में नकली शराब फैक्ट्री (Etv Bharat)

छापेमारी में मिली विदेशी शराब की बोतल: गिरफ्तार शराब माफियाओं से पूछताछ में पता चला कि बहादुरपुर वार्ड संख्या 47 में गोलू सिंह लॉज के एक कमरे में शराब फैक्ट्री का संचालन किया जा रहा है. जहां नकली शराब बनाई जाती है. शराब माफियाओं के निशानदेही पर टीम ने जब छापेमारी की तो 86 बोतल विदेशी शराब, 200 पीस ढक्कन के साथ रैपर, पैकिंग मशीन, 800 पीस खाली शराब की बोतल बरामद की गई.

होम्योपैथी दवा से बनाते थे नकली शराब: पटना जिला मद्य निषेध विभाग के सहायक आयुक्त प्रेम प्रकाश ने बताया कि गुप्त सूचना मिली थी कि शराब फैक्ट्री का संचालन किया जा रहा है. उसी सूचना के आधार पर टीम के द्वारा छापेमारी की गई, जहां से भारी मात्रा में डुप्लीकेट शराब बरामद किया गया है. वहीं डुप्लीकेट शराब बनाने वाली होम्योपैथी दवा भी पुलिस ने बरामद की है. वहीं इसमें संलिप्त अन्य लोगों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है.

"गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी करते हुए नकली शराब फैक्ट्री का भंडाभोड़ किया गया है. जहां से भारी मात्रा में डुप्लीकेट शराब बरामद किया गया और दो लोगों को भी गिरफ्तार किया गया है."-प्रेम प्रकाश, सहायक आयुक्त, मद्य निषेध विभाग पटना

नहीं थम रहे शराब से मौत के मामले: बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने के बाद भी शराब माफिया बाज नहीं आ रहे हैं. हालिया मामला सिवान और सारण का है. जहां सिवान में 24 और सारण में अबतक 4 लोगों की मौत हो चुकी है. शराबबंदी के दौरान छपरा में सबसे बड़ा कांड 14 दिसंबर 2022 को हुआ था, जिसमें 71 लोगों की जान चली गई थी. वहीं छपरा के मसरख में 44 लोगों की मौत हुई थी, जबकि मरहौरा और अमनौर में भी कई मौते हुई थी.

ये भी पढ़ें-

शराबबंदी में मौत पर सवाल! 6 साल में 202 मौतों की पुष्टि, दावा- '750 के पार है मृतकों की संख्या'

Motihari Hooch Tragedy: मोतिहारी में जहरीली शराब से अबतक 40 की मौत, 31 की पुष्टि

Bihar Hooch Tragedy: शराबबंदी के बाद अबतक जहरीली शराब से सैकड़ों मौत, जानें कब-कब हुई बिहार में बड़ी घटनाएं

ABOUT THE AUTHOR

...view details