Watch Video : गुजरात के काजीपुरा में छोटे बच्चों को बैंक खोलकर फाइनेंशियल प्लानिंग सिखा रहा स्कूल - फाइनेंशियल प्लानिंग सिखा रहा स्कूल
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गुजरात के खेड़ा जिले के काजीपुरा में एक सरकारी स्कूल अपने छात्रों को फाइनेंशियल प्लानिंग की आवश्यकताएं सिखा रहा है. इसके लिए, स्कूल ने परिसर में 'बैंक ऑफ काजीपुरा' की स्थापना की है, जिसका पूरा प्रबंधन पहली से आठवीं क्लास के छात्र करते हैं. इस बारे में छात्रा प्रिया ठाकोर ने बताया कि मेरे पापा मुझे रोज पैसे देते हैं. उसमे से थोड़े पैसे मैं खर्च करती हूं और थोड़े पैसे में जमा कराती हूं. और ये पैसे मेरे प्रवास जाने में..मेरी मन पसंद चीजे लाने में, मेरी कक्षा की चीजे लाने में काम आ सकते हैं. वहीं छात्र द्रवेश ठाकोर ने कहा कि पहले विद्यार्थी घर से पैसे लाकर स्कूल में आकर वो खर्च कर देते थे. लेकिन हमारे काजीपुरा प्राथमिकशाला में जब से बैंक ऑफ काजीपुरा खुला है तब से सब विद्यार्थी पैसो की बचत करते हैं. वो जरूरत के पैसे ही खर्च करते हैं और दूसरे पैसे बचत बैंक में वो जमा कर आते हैं. इस बैंक का मुख्य उद्देश्य छात्रों में कम उम्र में ही बचत की आदत डालना है, ताकि वो आत्मनिर्भर होने के महत्व को समझें. स्कूल की टीचर मंजुला का कहना है कि इसका उद्देश्य बच्चों को बैंक में कैसे राशि जमा की जाती है बताना है. इसके अलावा उनको यह भी बताना है कि उसको बचत बैंक जो काजीपुरा स्कूल में है उसमें बच्चों को कैसे बचत करनी चाहिए. इसके जरिए बच्चे जैसे कि पुस्तक के लिए, यूनिफॉर्म के लिए, कहीं पर्यटन रखा हो, प्रवास रखा हो, उसमें जो जरूरत पड़े तो आसानी से पैसे निकाल सकते हैं. बच्चों का ये बैंक इस आदर्श वाक्य के साथ काम करता है 'जब आपके पास पैसा हो, तो इसे पूरा खर्च न करें, बल्कि इसमें से कुछ बचाएं भी.' इस संबंध में स्कूल के प्रिंसिपल सुनील ने कहा कि बैंक की शुरूआत करने का पहला उद्देश्य ये है कि जो बच्चे जंक फूड पैकेट खाते है वो पैकेट न खाएं. यहां हमारे स्कूल में स्वादिष्ट खाना बनता है बच्चे वहां ही खाएं और जो बच्चों को घर से पैसे मिलते हैं वो बैंक में जमा कराएं. यहां बचपन से ही बच्चों को पैसे का मूल्य और पैसे की बचत कैसे करें उसका ज्ञान देना चाहते थे हम. काजीपुरा स्कूल को उम्मीद है कि ये पहल छात्रों को उनके माता-पिता की सहायता के लिए पैसे बचाने और अपनी शिक्षा के लिए धन जुटाने के लिए प्रेरित करेगी.