जयपुर: भारत 2017 में आईसीसी महिला विश्व कप के फाइनल में पहुंची थी और अनुभवी भारतीय महिला तेज गेंदबाज झूलन गोस्वामी टीम की एक प्रमुख सदस्य थीं. भारतीय इससे पहले खिताब के इतना नजदीक कभी नहीं पहुंची थी, लेकिन फाइनल में उसे इंग्लैंड के हाथों नौ रन से हार का सामना करना पड़ा था.
उन्होंने विश्व कप नहीं जीत पाने पर अफसोस करते हुए कहा, "लॉर्डस के मैदान पर विश्व कप फाइनल खेलना बहुत बड़ी उपलब्धि थी. हमने विश्व कप की काफी अच्छी शुरुआत की थी और शुरू से ही टीम ने बेहतर प्रयास किए थे. चाहे आप स्मृति मंधाना, मिताली राज, एकता बिष्ट, दीप्ति शर्मा, शिखा पांडे या राजेश्वरी गायकवाड़ के बारे में बात करें. सभी ने बेहतरीन योगदान दिया था. एक टीम के रूप में हमने जज्बा दिखाया और प्रदर्शन किया."

झूलन ने कहा, "हम फाइनल में पहुंच गए थे और अंतिम 10 ओवरों में हम मैच हार गए. मैच के 90 ओवरों में हमने मैच में अपना दबदबा बनाए रखा था और ये इंग्लैंड की गेंदबाजी के केवल आखिरी 10 ओवर थे, जहां हम दबाव नहीं झेल सके थे."
उन्होंने कहा, "ये एक अफसोस है कि हम विश्व कप के इतना नजदीक पहुंच कर हार गए थे लेकिन हमें आगे बढ़ना होता है. 2017 का विश्व कप हारने के बावजूद ये वर्ष हमारे देश में महिला क्रिकेट के लिए क्रांति का वर्ष था. मुझे लगता है कि महिलाओं की क्रिकेट के लिए जिस गति और प्रेरणा की जरूरत थी, वो हमारे द्वारा स्थापित की गई थी."
37 वर्ष की हो चुकी झूलन वनडे 225 विकेट ले चुकी हैं. वो मानती हैं कि उम्र केवल एक संख्या है सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण खेल के प्रति जुनून है.
गोस्वामी का मानना है कि महिलाओं की इंडियन प्रीमियर लीग देश के लिए एक बड़ी उपलब्धि होगी और इससे युवा महिला क्रिकेटरों को भारतीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतिभाओं के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने का मौका मिलेगा.

झूलन ने कहा, "जहां तक आईपीएल का सवाल है, हम चाहते हैं कि इस टूर्नामेंट की शुरुआत हो और हम सभी इसकी प्रतीक्षा कर रहे हैं. महिला आईपीएल देश के लिए और युवा महिला क्रिकेटरों के लिए एक बड़ी उपलब्धि होगी क्योंकि वे भारतीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतिभाओं के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करेंगी."
उन्होंने कहा, "एक पेशेवर एथलीट के रूप में आप उम्र के बारे में कभी नहीं सोचते. आप बस अपने जुनून, कड़ी मेहनत और खेल के प्रति प्यार को अपने ध्यान में रखते हैं. आप बस जितना संभव हो उतना समय मैदान पर बिताना चाहते हैं और ये किसी भी एथलीट के लिए सबसे संतुष्टि भरा होता है और मैं खुद खेल का आनंद ले रही हूं."