लखनऊ: एक तरफ जहां प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को सुधारने में लगी हुई है. वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को समय पर कॉपी-किताबें भी नहीं मिल रहीं. सर्दी का मौसम शुरू हो गया है और सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को स्वेटर भी नहीं मिला है. 31 अक्टूबर तक स्वेटर वितरित करने की बात कही गई थी. लेकिन अब तक सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को स्वेटर वितरित नहीं किए गए हैं
जानें क्या है पूरा मामला-
- 31 अक्टूबर तक स्कूलों में नहीं बांटे जा सके स्वेटर
- सर्दियों का मौसम में बिना स्वेटर के बच्चे पढ़ने को मजबूर
- स्वेटर वितरण नहीं होने पर बीएसए ने दी सफाई
- बीएसए लखनऊ अमरकांत सिंह ने ईटीवी से की खास बातचीत
- प्रदेश में स्वेटर वितरण पर बोले बीएसए अमरकांत सिंह
- 31 अक्टूबर तक स्वेटर वितरण नहीं होने पर कार्रवाई की गई है
- बीएसए ने कहा लापरवाह कंपनियों को ब्लैक लिस्टेड किया गया है
- 30 नवंबर तक बच्चों को स्वेटर बांटे जाने की बात कही
ईटीवी भारत से बातचीत करते में लखनऊ के बेसिक शिक्षा अधिकारी अमरकांत सिंह ने बताया कि जिन कंपनियों को स्वेटर किस सप्लाई के लिए टेंडर दिया गया था उन्होंने उपलब्ध नहीं कराए हैं. इस वजह से 31 अक्टूबर तक वितरण की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है. उन कंपनियों को लापरवाही के चलते ब्लैक लिस्टेड कर दिया गया है. नई कंपनियों को टेंडर दिया गया है. शासनादेश के अनुसार 30 नवंबर तक बच्चों को स्वेटर वितरित करना है, जिसके पहले ही कार्य पूरा कर लिया जाएगा.