जयपुर. राजस्थान हाईकोर्ट ने सेंट्रल पार्क में अतिक्रमण के मामले में प्रमुख नगरीय विकास सचिव और जेडीए को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. सीजे अकील कुरैशी और जस्टिस मनोज कुमार व्यास की खंडपीठ ने यह आदेश योगेश यादव की पुनर्विचार याचिका पर (High court hearing on encroachment in central park) दिए.
याचिका में कहा गया कि याचिकाकर्ता की ओर से पूर्व में सेंट्रल पार्क में अतिक्रमण को लेकर जनहित याचिका पेश की थी. इस पर सुनवाई के दौरान जेडीसी गौरव गोयल ने अदालत को बताया था कि सेंट्रल पार्क से सभी अतिक्रमण हटा लिए गए हैं. अब मौके पर कोई निर्माण नहीं है. जिसके चलते खंडपीठ ने गत वर्ष 26 मार्च को जनहित याचिका का निस्तारण कर दिया था.
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पुनर्विचार याचिका में कहा गया कि जेडीसी ने कोर्ट को गलत जानकारी दी थी. पार्क में होटल का गेट भी खुला हुआ है. इसके अलावा अन्य अतिक्रमण भी मौके पर मौजूद हैं. याचिका के साथ फोटोग्राफ पेश कर कहा गया कि मौके पर जेडीए ने सिर्फ अपने बोर्ड लगाए हैं, लेकिन कब्जा नहीं हटाया है. ऐसे में याचिका को सुनवाई के लिए पुन रिकॉर्ड पर लिया जाए. याचिका पर सुनवाई करते हुए खंडपीठ ने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है.