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आरयू ने बुलाई सिंडिकेट की आपात बैठक, मांडर कॉलेज फर्जीवाड़े मामले में तीन शिक्षकों को किया बर्खास्त

मांडर कॉलेज फर्जीवाड़ा मामले में सिंडिकेट की बैठक की गई. इस दौरान तीनों आरोपी प्रोफेसरों को सिंडिकेट ने बर्खास्त कर दिया है. इसके बाद बैठक में फैसला लिया गया कि जांच रिपोर्ट को न्यायालय में जमा करा दिया जाएगा.

सिंडिकेट की बैठक
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Published : Feb 23, 2019, 6:55 PM IST

रांची: मांडर कॉलेज फर्जीवाड़ा मामले को जल्द से जल्द निपटाने के उद्देश्य से आरयू ने सिंडिकेट की आपात बैठक कर एक बड़ा फैसला लिया है. इस फैसले में फर्जीवाड़ा में शामिल तीनों शिक्षकों पर सिंडिकेट के सदस्यों ने गाज गिराई है. फिलहाल अब अंतिम फैसला कोर्ट को लेना है. विश्वविद्यालय ने अपनी रिपोर्ट कोर्ट को सौंपने का निर्णय लिया है.

गौरतलब है कि अरसे से मांडर कॉलेज के इन तीनों लेक्चरर का मामला जग जाहिर होने के बावजूद आरयू प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं की गई. इसे लेकर लगातार आरयू प्रशासन पर सवाल भी खड़े होते रहे हैं. इसके मद्देनजर वीसी रमेश कुमार पांडे ने सिंडिकेट की आपात बैठक बुलाकर मामले को रफा-दफा कर दिया है. सिंडिकेट की बैठक में मांडर कॉलेज में फर्जीवाड़ा मामले में संलिप्त तीन लेक्चरर पर कार्रवाई कर दी गई है.

सिंडिकेट की बैठक

प्रोफेसर मधुप किशोर, डॉ सच्चिदानंद प्रसाद, डॉ हरिशंकर प्रसाद पर कार्रवाई करते हुए तीनों शिक्षकों को सिंडिकेट ने बर्खास्त कर दिया. गौरतलब है कि इन तीनों शिक्षकों की नियुक्ति 33 साल पहले की गई. साल 1985 में मांडर कॉलेज में इन लोगों ने अपना योगदान दिया. लेकिन जांच के बाद ये पाया गया कि इन तीनों प्रोफेसरों के प्रमाण पत्र सही नहीं है. वहीं, फिजिक्स में फेल 80 विद्यार्थियों ने वीसी रमेश कुमार पांडे से मुलाकात कर कॉपी री चेक करने की मांग की है.

रांची: मांडर कॉलेज फर्जीवाड़ा मामले को जल्द से जल्द निपटाने के उद्देश्य से आरयू ने सिंडिकेट की आपात बैठक कर एक बड़ा फैसला लिया है. इस फैसले में फर्जीवाड़ा में शामिल तीनों शिक्षकों पर सिंडिकेट के सदस्यों ने गाज गिराई है. फिलहाल अब अंतिम फैसला कोर्ट को लेना है. विश्वविद्यालय ने अपनी रिपोर्ट कोर्ट को सौंपने का निर्णय लिया है.

गौरतलब है कि अरसे से मांडर कॉलेज के इन तीनों लेक्चरर का मामला जग जाहिर होने के बावजूद आरयू प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं की गई. इसे लेकर लगातार आरयू प्रशासन पर सवाल भी खड़े होते रहे हैं. इसके मद्देनजर वीसी रमेश कुमार पांडे ने सिंडिकेट की आपात बैठक बुलाकर मामले को रफा-दफा कर दिया है. सिंडिकेट की बैठक में मांडर कॉलेज में फर्जीवाड़ा मामले में संलिप्त तीन लेक्चरर पर कार्रवाई कर दी गई है.

सिंडिकेट की बैठक

प्रोफेसर मधुप किशोर, डॉ सच्चिदानंद प्रसाद, डॉ हरिशंकर प्रसाद पर कार्रवाई करते हुए तीनों शिक्षकों को सिंडिकेट ने बर्खास्त कर दिया. गौरतलब है कि इन तीनों शिक्षकों की नियुक्ति 33 साल पहले की गई. साल 1985 में मांडर कॉलेज में इन लोगों ने अपना योगदान दिया. लेकिन जांच के बाद ये पाया गया कि इन तीनों प्रोफेसरों के प्रमाण पत्र सही नहीं है. वहीं, फिजिक्स में फेल 80 विद्यार्थियों ने वीसी रमेश कुमार पांडे से मुलाकात कर कॉपी री चेक करने की मांग की है.

Intro:मांडर कॉलेज फर्जीवाड़ा मामले को जल्द से जल्द निपटाने के उद्देश्य से आरयू ने सिंडिकेट की आपात बैठक कर एक बड़ा फैसला लिया है. इस फैसले में फर्जीवाड़ा में शामिल तीनों शिक्षकों पर सिंडिकेट के सदस्यों ने गाज गिराई है .अब अंतिम निर्णय कोर्ट को लेना है पूरा मामला कोर्ट चला गया है. विश्वविद्यालय अपना रिपोर्ट कोर्ट को सौंपने का निर्णय लिया है.


Body:गौरतलब है कि अरसे से मांडर कॉलेज के इन तीनों लेक्चरर का मामला जग जाहिर होने के बावजूद आरयू प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं की गई थी, इसे लेकर लगातार आरयू प्रशासन पर सवाल भी खड़े किए जा रहे थे. इसी के मद्देनजर वीसी रमेश कुमार पांडे ने सिंडिकेट की आपात बैठक बुलाकर इस मामले को रफा-दफा कर दिया है .सिंडिकेट की बैठक में मांडर कॉलेज में फर्जीवाड़ा मामले में संलिप्त तीन लेक्चरर पर कार्रवाई कर दी गई है .प्रोफ़ेसर मधुप किशोर ,डॉ सच्चिदानंद प्रसाद ,डॉ हरिशंकर प्रसाद पर कार्रवाई हुई है तीनो शिक्षकों को सिंडिकेट ने बर्खास्त कर दिया है. गौरतलब है कि इन तीनो शिक्षकों की नियुक्ति 33 साल पहले की गई थी. वर्ष 1985 में मांडर कॉलेज में इन लोगों ने अपना योगदान दिया था .लेकिन जांच के उपरांत यह पाया गया कि इन तीनों प्रोफेसरों की प्रमाण पत्र सही नहीं है. इसमें काफी गोलमाल पाया गया था .

बाइट-रमेश कुमार पाण्डे, वीसी,आरयू।

इधर फिजिक्स में फेल हुए 80 विद्यार्थियों ने वीसी रमेश कुमार पांडे से मुलाकात कर कॉपी री चेक करने की मांग की है. शनिवार को तमाम विद्यार्थी आरयू मुख्यालय पहुंचकर वीसी से मुलाकात कर इस मामले में संज्ञान लेने की अपील की है.


Conclusion:हालांकि अभी भी मांडर कॉलेज के ही प्रोफेसर सच्चिदानंद प्रसाद को पाक साफ बताया जा रहा है. और जौ के साथ घुन पिसाने का कहावत चरितार्थ होता दिख रहा है. सच्चिदानंद प्रसाद ने पत्र के माद्यम से फंसाने के आरोप लगाया है की उन पर साजिश के तहत सिंडिकेट के सदस्यों ने गाज गिरा दी है. हालांकि मामला न्यायालय में है ,न्यायालय में ही अंतिम फैसला होगी. फिलहाल तीनों शिक्षक आरयू से बर्खास्त ही रहेंगे.
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