नई दिल्ली: बढ़ते प्रदूषण के मद्देनजर 5 अक्टूबर को दिल्ली सरकार ने युद्ध, प्रदूषण के विरुद्ध अभियान शुरू किया था. इसी के तहत 21 अक्टूबर से गाड़ियों से पैदा होने वाले प्रदूषण को कम करने के उद्देश्य से 'रेड लाइट ऑन गाड़ी ऑफ' अभियान शुरू किया गया. यह अभियान 15 नवंबर तक के लिए था. लेकिन अब दिल्ली सरकार ने इसका दूसरा फेज भी शुरू करने का फैसला किया है.
'30 नवंबर तक चलेगा कैंपेन'
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने इसे लेकर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की. गोपाल राय ने कहा कि रेड लाइट ऑन गाड़ी ऑफ कैंपेन को दिल्ली वालों का खूब सहयोग मिल रहा है. प्रदूषण से दिल्ली की लड़ाई के मद्देनजर ये काफी अहम है. इसलिए दिल्ली सरकार ने फैसला किया है कि इस कैंपेन को आगे भी जारी रखा जाएगा. गोपाल राय ने कहा कि 16 नवंबर से इस कैंपेन का अगला चरण शुरू होगा, जो 30 नवंबर तक चलेगा.
'लगाए जाएंगे ढाई हजार मार्शल'
गोपाल राय ने कहा कि पहले की तरह इस कैंपेन के फेज-2 में भी सभी 11 जिलों के अलग-अलग चौराहों पर ढाई हजार पर्यावरण मार्शल लगाए जाएंगे. वहीं 10 बड़े चौराहों पर 20-20 मार्शल नियुक्त किए जाएंगे. पर्यावरण मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि पराली पर हुए छिड़काव का असर जानने के लिए एक 15 सदस्यीय कमेटी बनाई गई थी, जिसमें विधायक, कृषि वैज्ञानिक और कृषि विभाग के अधिकारी शामिल हैं.
'कल सीएम को सौंपी जाएगी रिपोर्ट'
पर्यावरण मंत्री ने कहा कि कल इस कमेटी की रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंपी जाएगी. गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली सरकार द्वारा डस्ट पॉल्यूशन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को भी दिल्ली वालों का सहयोग मिल रहा है. उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार के ग्रीन ऐप के माध्यम से प्रदूषण सम्बंधी तमाम शिकायतें मिल रहीं हैं, जिनपर तत्काल कार्रवाई की जा रही है. पर्यावरण मंत्री ने खासतौर पर दिल्ली के युवाओं से प्रदूषण से लड़ाई में भागीदारी की अपील की.
'युवाओं को उकसा रही भाजपा'
गोपाल राय ने कहा कि अब भी दिल्ली में कई जगहों से निर्माण स्थलों पर अनियमितता और आग लगने की घटनाएं सामने आ रहीं हैं. मैं युवाओं से अपील करूंगा कि ऐसे किसी भी घटना को देखें तो तुरंत शिकायत करें और अपने स्तर पर भी समाधान की कोशिश करें. पटाखा बैन करने के दिल्ली सरकार के फैसले पर बीजेपी नेताओं की टिप्पणी को लेकर गोपाल राय ने निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कई बीजेपी नेता युवाओं को उकसा रहे हैं.
केंद्र सरकार पर भी निशाना साधते हुए गोपाल राय ने कहा कि केंद्र मूक दर्शक बनी हुई है और भाजपा के नेता पटाखे पर प्रतिबंध के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि मुझे नहीं पता कि इस बयानबाजी से भाजपा को कितना राजनीतिक फायदा मिल रहा है, लेकिन ये बयान युवाओं को उकसा रहे हैं. गोपाल राय ने कहा कि मैं हाथ जोड़कर भाजपा से अपील करता हूं कि अगर कुछ सहयोग नहीं कर सकते, तो हतोत्साहित भी मत कीजिए.