पटनाः जेडीयू एमएलसी गुलाम रसूल बलियावी ने झारखंड चुनाव पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि झारखंड चुनाव का असर बिहार पर नहीं होगा. उन्होंने साफ लहजे में कहा कि चाहे कोई कुछ भी कह ले नीतीश कुमार काम के लिए ही जाने जाते हैं. बिहार की जनता भी यह अच्छी तरह से समझती है और इसे नकार नहीं सकती.
'हर पॉलिटिक्ल पार्टी को इससे सीख लेनी चाहिए'
गुलाम रसूल बलियावी ने झारखंड में बीजेपी की हार का जिम्मेदार एनआरसी और सीएए को माना. उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति, संस्था या पार्टी आवेश में या धार्मिक भावना से काम करेगी तो जनता उसे नकार देगी. सविंधान की आत्मा से छेड़-छाड़ हरगिज बर्दाशत नहीं की जाएगी. हर पॉलिटिक्ल पार्टी को इससे सीख लेनी चाहिए.
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'नीतीश कुमार ने जो किया वह बीत गया'
नीतीश कुमार का संसद में सीएए के पक्ष में वोटिंग करने और राज्य में इसका विरोध करने के मुद्दे पर गुलाम रसूल बलियावी ने कहा कि वह बात अब बीत चुकी है. जब उनसे पूछा गया कि क्या वह इस मुद्दे को लेकर पार्टी से अलग होने पर विचार कर रहें हैं, तो उन्होंने कहा कि यह तो समय आने पर सोचेंगे.
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मेरी छवि को धूमिल करने की हो रही कोशिश
जेडीयू एमएलसी ने ये भी कहा कि कुछ लोग मेरे खिलाफ षडयंत्र के तहत यह फैला रहे हैं कि मैंने सीएए के पक्ष में वोट किया है, मैं लोगों को यह बताना चाहता हूं कि मैं एमपी नहीं हूं, मैं जेडीयू का बिहार में एमएलसी हूं. मुझे वोट करने का अधिकार नहीं है. मेरी छवि को धूमिल करने की कोशिश की जा रही है. रही बात एनआरसी के विरोध की तो मैं कल भी इसका विरोध करता था, आज भी करता हूं और हमेशा करूंगा.