लखनऊ : कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता आलोक शर्मा ने महाकुंभ आयोजन को लेकर भारतीय जनता पार्टी सरकार को कटघरे में खड़ा किया है. उन्होंने महाकुंभ में हुई मची भगदड़ और श्रद्धालुओं की मौत पर भाजपा सरकार को घेरा.
आलोक शर्मा ने सवाल पूछते हुए कहा कि आखिर जो अधिकारी विवादास्पद रहे, जिनके चलते अव्यवस्था फैली, महाकुंभ के नाम पर आवंटित बजट भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया और अभी वह अधिकारी गैर जिम्मेदाराना बयान दे रहे हैं, उन पर कारवाई कब होगी?
जिम्मेदार लोगों ने फैलाई अव्यवस्था: उन्होंने कहा कि महाकुंभ का आयोजन सदियों से होता चला आया है. किसी की भी सरकार रही हो वह आयोजन को सफल बनाने में लगा रहता है. इस महाकुंभ में हम शुरुआत से सुन रहे थे, सरकार की तरफ से बार-बार दिव्य और भव्य की बात कही जाती रही. लेकिन गैर जिम्मेदार लोगों को जिम्मेदारी सौंपी गई, जिससे अव्यवस्था फैली.
हजारों श्रद्धालु इस भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गए. योगी आदित्यनाथ की सरकार तो अभी भी आंकड़ा 30 बता रही है. लेकिन आंकड़ा हजारों में है. इसीलिए सरकार आंकड़ा छिपाने के साथ श्रद्धालुओं की पहचान के बारे में भी चुप्पी साध रखी है.
मौत के आंकड़े छिपा रही सरकार: आलोक शर्मा ने कहा कि गुजरात के मोरबी में पुल गिरा, सैकड़ों लोगों की जान चली गई. सरकार भ्रष्टाचारियों को बचाती रही और अपराधी जमानत पर विदेश भाग गए. महाकुंभ में मौनी अमावस्या के दिन भगदड़ हुई, हजारों श्रद्धालु की मौत के आंकड़ों को सरकार छुपाती रही.
दिल्ली स्टेशन पर भगदड़ में कई लोगों की जान गई. सरकार ने वह गिनती सिर्फ 18 बताया. हर बार अपनी नाकामियों पर पर्दा डालकर आप काम चलाते रहेंगे, कभी सुधरने का नाम नहीं लेंगे, यह कैसे लोग हैं ? कौन से धर्म का पालन कर रहे हैं ? सनातन धर्म तो यह नहीं सिखाता.
सीएम ने दी गिद्ध और सूअर की संज्ञा: अहंकार में चूर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, जिन श्रद्धालुओं की मौत हुई, जो लापता थे, उनके परिजन अपनों को ढूंढ रहे थे, उन्हें गिद्ध और सूअर की संज्ञा देते रहे, इससे ज्यादा दुखद नहीं हो सकता. टेंट का काम गुजरात की कंपनियों को दे दिया गया.
चार सवालों के दे जवाब: आलोक शर्मा ने कहा कि हमारे चार सवाल हैं जिनके जवाब सनातन धर्म के महान कार्यक्रम महाकुंभ में आए श्रद्धालु मांग रहे हैं और कांग्रेस पार्टी मांग रही है. भ्रष्टाचारी, विवादास्पद अधिकारियों को जिम्मेदारी क्यों दी गई, उनके फेल प्रबंधन पर कार्रवाई कब होगी? जो महाकुंभ के बजट में भ्रष्टाचार के दोषी हैं उन पर कारवाई कब होगी ? सरकार श्रद्धालुओं की मौत का आंकड़ा और उनकी पहचान क्यों छुपा रही है ? अगर वाहवाही सरकार लेगी तो श्रद्धालुओं की मौत की जिम्मेदारी और नाकामी भी सरकार की है, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी कब अपनी अव्यवस्था की नाकामी मानेंगे ?
पिछड़ा वर्ग विभाग की सभी ईकाइयां भंग : वहीं, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी पिछड़ा वर्ग विभाग के राष्ट्रीय चेयरमैन कैप्टन अजय सिंह यादव ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी पिछड़ा वर्ग विभाग की सभी ईकाइयों को भंग कर दिया है. यह जानकारी उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी मीडिया विभाग के वाइस चेयरमैन मनीष श्रीवास्तव हिंदवी ने दी.
उत्तर प्रदेश में कांग्रेस अपनी लगभग सभी इकाइयों और फ्रंटल संगठनों को भंग कर चुकी है. अभी जनवरी महीने में पार्टी ने नई कार्यकारिणी के गठन के लिए जिलेवार अध्यक्षों के चयन के लिए उम्मीदवारों का इंटरव्यू ले चुकी है. इस प्रक्रिया में पूरे प्रदेश से करीब 6800 से अधिक कांग्रेसी विभिन्न जिलों के अध्यक्ष के लिए अपनी दावेदारी पेश कर चुके हैं.