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वूमेन सेफ्टी: क्यों नहीं टाला जा सका पुणे का बस दुष्कर्म कांड, जानें महिला सुरक्षा में भारत का रैंक - MOST DANGEROUS COUNTRIES FOR WOMEN

भारत में महिलाओं की सुरक्षा एक मुद्दा है, जिस पर हाल के वर्षों में काफी ध्यान दिया गया है.

Women safety
वूमेन सेफ्टी (AFP)
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By ETV Bharat Hindi Team

Published : Feb 27, 2025, 2:45 PM IST

नई दिल्ली: महिलाओं की सुरक्षा दुनिया भर में एक बड़ी चिंता का विषय है. महिलाओं के खिलाफ अपराध की बढ़ती घटनाओं के कारण वे अपने घरों में भी असुरक्षित महसूस करती हैं. वर्ल्ड पॉपुलेशन रिव्यू के महिला खतरा सूचकांक के अनुसार दुनिया के टॉप 10 देश जिन्हें महिला यात्रियों के लिए असुरक्षित माना जाता है. जहां कुछ देश अपनी सुरक्षा और शांतिपूर्ण वातावरण के लिए जाने जाते हैं, वहीं अन्य देश खतरनाक हैं. खास तौर पर महिलाओं के लिए.

Women safety
वूमेन सेफ्टी (AFP)

पुणे के पुलिस स्टेशन से मात्र 100 मीटर की दूरी पर स्थित स्वारगेट बस स्टैंड पर शिवशाही एसी बस में 26 वर्षीय महिला के साथ बलात्कार की घटना से स्तब्ध है. 2012 के निर्भया दिल्ली बलात्कार मामले, पुणे शिवशाही बलात्कार मामले और यहां तक ​​कि पिछले वर्ष कोलकाता के एक सरकारी अस्पताल में एक डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या की घटना में भी समानताएं पाई हैं. इन घटनाओं ने महिलाओं के सुरक्षा को लेकर एकबार फिर से सवाल खड़ा कर दिया है.

Women safety
वूमेन सेफ्टी (AFP)
  1. दक्षिण अफ्रीका को लगातार महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों में से एक माना जाता है. देश गंभीर लैंगिक-आधारित हिंसा से जूझता है, जिसमें सड़क सुरक्षा एक बड़ी चिंता का विषय है. विश्व जनसंख्या समीक्षा के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका में केवल 25% फीसदी महिलाएं अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करती हैं. यौन हिंसा, उत्पीड़न और मानव तस्करी का खतरा व्याप्त है, जो इसे महिला यात्रियों, खास तौर पर अकेले यात्रा करने वाली महिलाओं के लिए खतरनाक बनाता है.
  2. ब्राजील महिलाओं के लिए दूसरे सबसे खतरनाक देश के रूप में शुमार है. मात्र 28 फीसदी महिलाओं ने रात में अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करने की बात कही.
  3. रूस महिलाओं के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय हत्या की दूसरी सबसे बड़ी दर रखने का दुर्भाग्यपूर्ण गौरव रखता है, जो इसे महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों की सूची में तीसरे स्थान पर रखता है.
  4. इस सूची में मेक्सिको चौथे स्थान पर है. केवल 33 फीसदी महिलाएं रात में अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करती हैं.
  5. ईरान पांचवें स्थान पर है, मुख्य रूप से देश में व्याप्त महत्वपूर्ण लिंग अंतर के कारण.
  6. भारत एशिया में महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों में से एक बना हुआ है. अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और विविध परिदृश्यों के बावजूद, भारत यौन हिंसा और उत्पीड़न की उच्च दरों के लिए कुख्यात है. देश मानव तस्करी से जूझ रहा है, जिसमें जबरन श्रम और बहुत कुछ शामिल है. महिलाओं के खिलाफ हिंसा की रिपोर्टें अक्सर आती रहती हैं और कानूनी व्यवस्था अक्सर पर्याप्त सुरक्षा या न्याय प्रदान करने के लिए संघर्ष करती है. इस चल रहे मुद्दे ने भारत को एक ऐसा स्थान बना दिया है जहां महिलाओं को अत्यधिक सावधानी बरतनी चाहिए.

भारत में महिलाओं की सुरक्षा
भारत में महिलाओं की सुरक्षा एक मुद्दा है, जिस पर हाल के वर्षों में काफी ध्यान दिया गया है. महिलाओं की सुरक्षा के उद्देश्य से अलग-अलग पहलों और कानूनी ढांचों के बावजूद चुनौतियां अभी भी व्याप्त हैं.

महिलाओं के खिलाफ अपराधों के आंकड़े
भारत में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर स्थिति चिंताजनक है. NCRB की 2023 की रिपोर्ट के अनुसार 2022 में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 4 फीसदी की वृद्धि हुई है.

अपराध का प्रकारकुल अपराधों का फीसदी
पति या रिश्तेदारों द्वारा क्रूरता31.4%
महिलाओं का अपहरण 19.2%
एस्लॉट विथ इंटेंट टू आउटरेज मॉडेस्टी18.7%
रेप7.1%

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Women safety
वूमेन सेफ्टी (AFP)

पुणे के पुलिस स्टेशन से मात्र 100 मीटर की दूरी पर स्थित स्वारगेट बस स्टैंड पर शिवशाही एसी बस में 26 वर्षीय महिला के साथ बलात्कार की घटना से स्तब्ध है. 2012 के निर्भया दिल्ली बलात्कार मामले, पुणे शिवशाही बलात्कार मामले और यहां तक ​​कि पिछले वर्ष कोलकाता के एक सरकारी अस्पताल में एक डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या की घटना में भी समानताएं पाई हैं. इन घटनाओं ने महिलाओं के सुरक्षा को लेकर एकबार फिर से सवाल खड़ा कर दिया है.

Women safety
वूमेन सेफ्टी (AFP)
  1. दक्षिण अफ्रीका को लगातार महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों में से एक माना जाता है. देश गंभीर लैंगिक-आधारित हिंसा से जूझता है, जिसमें सड़क सुरक्षा एक बड़ी चिंता का विषय है. विश्व जनसंख्या समीक्षा के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका में केवल 25% फीसदी महिलाएं अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करती हैं. यौन हिंसा, उत्पीड़न और मानव तस्करी का खतरा व्याप्त है, जो इसे महिला यात्रियों, खास तौर पर अकेले यात्रा करने वाली महिलाओं के लिए खतरनाक बनाता है.
  2. ब्राजील महिलाओं के लिए दूसरे सबसे खतरनाक देश के रूप में शुमार है. मात्र 28 फीसदी महिलाओं ने रात में अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करने की बात कही.
  3. रूस महिलाओं के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय हत्या की दूसरी सबसे बड़ी दर रखने का दुर्भाग्यपूर्ण गौरव रखता है, जो इसे महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों की सूची में तीसरे स्थान पर रखता है.
  4. इस सूची में मेक्सिको चौथे स्थान पर है. केवल 33 फीसदी महिलाएं रात में अकेले चलने में सुरक्षित महसूस करती हैं.
  5. ईरान पांचवें स्थान पर है, मुख्य रूप से देश में व्याप्त महत्वपूर्ण लिंग अंतर के कारण.
  6. भारत एशिया में महिलाओं के लिए सबसे खतरनाक देशों में से एक बना हुआ है. अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और विविध परिदृश्यों के बावजूद, भारत यौन हिंसा और उत्पीड़न की उच्च दरों के लिए कुख्यात है. देश मानव तस्करी से जूझ रहा है, जिसमें जबरन श्रम और बहुत कुछ शामिल है. महिलाओं के खिलाफ हिंसा की रिपोर्टें अक्सर आती रहती हैं और कानूनी व्यवस्था अक्सर पर्याप्त सुरक्षा या न्याय प्रदान करने के लिए संघर्ष करती है. इस चल रहे मुद्दे ने भारत को एक ऐसा स्थान बना दिया है जहां महिलाओं को अत्यधिक सावधानी बरतनी चाहिए.

भारत में महिलाओं की सुरक्षा
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महिलाओं के खिलाफ अपराधों के आंकड़े
भारत में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर स्थिति चिंताजनक है. NCRB की 2023 की रिपोर्ट के अनुसार 2022 में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 4 फीसदी की वृद्धि हुई है.

अपराध का प्रकारकुल अपराधों का फीसदी
पति या रिश्तेदारों द्वारा क्रूरता31.4%
महिलाओं का अपहरण 19.2%
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