मुरादाबाद: पीतल नगरी के नाम से देश में अपनी पहचान बनाए मुरादाबाद जिला में कोरोना वायरस और लाॅकडाउन के कारण पीतल का कारोबार पूरी तरह से ठप है. कारोबारियों के अनुसार हर वर्ष विदेशों से करीब 8 हजार करोड़ रुपए का कारोबार होता है. कोरोना वायरस के कारण विदेशी कारोबारियों ने अपने ऑर्डर रद्द कर दिए हैं और कारोबार में 60 फीसदी से अधिक गिरावट हुई है. वहीं कोरोना वायरस के कारण देश में हुए लाॅकडाउन की वजह से यहां से अन्य राज्यों में जाने वाला पीतल का सामान बंद है. इस कारण कारोबारियों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है.
स्प्रिंगफेयर रद्द होने से पीतल नगरी को 5 हजार करोड़ रुपये का नुकसान
हर वर्ष अप्रैल माह में नोएडा के एक्सपो माॅल में स्प्रिंगफेयर लगता है. जिसमें पीतल के विदेशी कारोबारी भी आते है. स्प्रिंगफेयर से जिले को करीब 5 हजार करोड़ रुपए का पीतल के सामानों का ऑर्डर मिलता है, जो इस बार कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए रद्द कर दिया गया है. ऐसे में पीतल नगरी को सीधे तौर पर 5 हजार करोड़ रुपए के कारोबार का नुकसान उठाना पड़ेगा.
इन देशों से होता है कारोबार
जिले से अमरीका, यूरोप, सऊदी अरब और इरान सहित कई खाड़ी देशों में पीतल का कोरोबार होता है. कारोबारियों के अनुसार अमेरिका सहित कई देशों में पीतल के बने क्रिसमस और सजावटी सामान जाते हैं. इसके अलावा सऊदी अरब और खाड़ी देशों से पीतल के बर्तन का कारोबार होता है. कारोबारियों ने बताया कि विदेशों से सालाना करीब 8 हजार करोड़ रुपए का कारोबार होता है. कोरोना वायरस के कारण विदेशी कारोबार में 60 फीसदी की गिरावट आ गई है.