कानपुर:कई युवाओं का सपना सेना की नौकरी हासिल कर देशसेवा करने का होता है लेकिन, कानपुर में ऐसे ही युवाओं के सपनों को तोड़ने का काम तीन शातिरों ने किया. इससे पहले, कि यह शातिर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देते, पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर के वेस्ट जोन के थाना स्वरूप नगर पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस के अफसरों ने तीनों को साक्ष्यों के साथ दबोच लिया. हैरान करने वाली बात यह है कि अभियुक्तों हिमांशु शर्मा, अंकुर पाल और आदित्य राजपूत के पास से पुलिस को एयर पिस्टल समेत कई फर्जी दस्तावेज मिले हैं. इनकी जांच जारी है. यही नहीं, अभियुक्त हिमांशु शर्मा और अंकुर पाल, शहर के डिग्री कालेजों के बाहर सेना के मेजर और कैप्टन बनकर घूमते थे. वे युवाओं को सेना में नौकरी का लालच देकर फंसाते थे.
तीन लड़कियों ने थाने में की शिकायत तो खुल गई पोल: इस पूरे मामले पर डीसीपी सेंट्रल प्रमोद ने बताया, कि तीन लड़कियों ने इस पूरे मामले की जानकारी जैसे ही थाने को दी, तो थाना पुलिस कर्मियों ने सक्रियता दिखाते हुए तीनों अभियुक्तों को दबोच लिया. कई घंटों की पूछताछ के बाद सामने आया, कि तीनों आरोपी अभी तक 300 से अधिक युवाओं को अपना शिकार बना चुके हैं. साथ ही नौकरी लगवाने के नाम पर युवाओं से 15 हजार से लेकर एक लाख रुपये तक वसूल चुके हैं. आरोपियों के पास से सेना के लोगो, वर्दी समेत अन्य सामान भी मिले हैं. किसी तरह का शक होने पर तीनों आरोपी एक दूसरे को ब्रिगेडियर बताकर फोन पर बात करा देते थे. इसी तरह उन्होंने युवाओं को फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिए थे. तीनों आरोपियों को अरेस्ट कर जेल भेजा जा रहा है.
इसे भी पढ़े-पिछड़ा व दलित समाज हर क्षेत्र में आ रहा आगे, इसीलिए भाजपा घबराई हुई है : अखिलेश यादव