बुलंदशहर: बीडीसी चुनाव की रंजिश में निर्वाचित बीडीसी का 78 अज्ञात गांव के लोगों ने हत्या के उद्देश्य से अपहरण कर लिया. 72 घंटे बाद भी अपह्रत का कोई पता नहीं है. पुलिस मामले में कई टीम लगाकर अपह्रत को बरामद करने के प्रयास का दावा कर रही है, और मुख्य आरोपी की पत्नी और मां को घटना की साजिश में और हथियार छुपाने के आरोप में गिरफ्तार करने की बात कह रही है.
अपहरण कांड का यह है पूरा मामला
बहापुर निवासी अशोक पुत्र महावीर सिंह ने थाने पर तहरीर दी, जिसमें उसने आरोप लगाया कि उनका भतीजा मोहित उर्फ खजूर (27) पुत्र राजेंद्र सिंह है, जो कि वर्तमान में बीडीसी है. शनिवार शाम करीब साढ़े छह बजे वह दुकान से कुछ सामान खरीदने के लिए गया था, जहां से वह वापस लौट रहा था, उसी दौरान गांव निवासी सौरभ पुत्र देवेंद्र व उसके साथी निरंजन उर्फ पप्पू, गोविंद उर्फ गुल्लू व एक अन्य अज्ञात ने मोहित को कलेसर के निकट रोक लिया. साथ ही आरोपियों ने फायरिंग करते हुए मोहित को सफेद रंग की अपनी स्विफ्ट कार में हत्या के इरादे से डाल लिया. इसके बाद आरोपी उसे कार से अपने साथ ले गए. परिजनों ने तत्काल मामले की सूचना पुलिस को दी. मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की, लेकिन मोहित का कहीं कोई सुराग नहीं लग सका है. वहीं, दूसरी ओर परिजनों ने मामले में आरोपी सौरभ की मां मुकेश चौधरी पत्नी देवेंद्र, सौरभ की पत्नी गुड़िया जीत सिंह जो कि सौरभ का साला है और देवेंद्र के भी वारदात में शामिल होने का आरोप लगाया है. आरोप है कि सौरभ गुंडा प्रवृत्ति का व्यक्ति है. साथ ही बीते दिनों हुए प्रधानी चुनाव में वह हार गया था. पुलिस ने मामले में तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है.