डूंगरपुर. जिले में जलदाय विभाग की ओर से राजीव गांधी जल संचय योजना के कार्यों के लिए खोले गए टेंडर में ठेकेदारों ने गड़बड़ी के आरोप लगाए हैं. जिसके बाद जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण कार्यालय में ठेकेदार जमा हुए और टेंडर में गड़बड़ी के आरोप लगाते हुए विरोध जताया.
ठेकेदारों ने जलदाय विभाग पर लगाए गंभीर आरोप ठेकेदारों ने आरोप लगाते हुए कहा कि जलदाय विभाग की ओर से 4 जून को राजीव गांधी जल संचय योजना में 15 कार्यों के लिए 3 करोड़ 19 लाख 73 हजार के टेंडर निकाले थे. जिन्हें दो दिन पहले खोला गया था, लेकिन ठेकेदारों ने विभाग की टेंडर प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाया हैं.
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ठेकेदारों ने बताया कि टेंडर में विभाग में पंजीकृत ए क्लास, बी क्लास, सी क्लास और डी क्लास सभी ठेकेदार टेंडर में भाग ले सकते थे. लेकिन टेंडर खोलते समय विभाग ने सिर्फ ए क्लास ठेकेदारों को ही अधिकृत मानते हुए अन्य क्लास के ठेकेदार को फेल कर दिया. इतना ही नहीं, ठेकेदारों ने मांगे गए जरुरी दस्तावेज भी अपलोड नहीं किए हैं. उसके बाद भी उन ठेकदारो के नाम टेंडर खोल दिए गए.
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विरोध करने वाले ठेकेदारों ने टेंडर प्रक्रिया में भारी अनियमितता होने की शिकायत की है. साथ ही विभाग के अधीक्षण अभियंता प्रदीप कुमार से मिलकर प्रक्रिया खारिज करते हुए नए सिरे से टेंडर लगाए जाने की मांग की है. इस पर अधीक्षण अभियंता प्रदीप कुमार ने ठेकेदारों से मामले की जांच करवाते हुए नियमानुसार कार्रवाई करने की बात कही है.