जयपुर.राजस्थान में 13, 14 और 15 मई को कांग्रेस का नव संकल्प शिविर(चिंतन शिविर) (Udaipur Chintan Shivir) आयोजित होने जा रहा है. जिसकी तैयारियों के लिए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और प्रदेश प्रभारी अजय माकन आज उदयपुर पहुंच कर 4 बजे संभाग के कांग्रेस नेताओं की बैठक लेंगे. इस बीच चिंतन शिविर से ठीक पहले कुछ इस तरह की खबरें आई हैं जिससे कैबिनेट मंत्री महेश जोशी की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. वजह कैबिनेट मंत्री (Mahesh Joshi May Resign before Chintan Shivir) के बेटे रोहित जोशी हैं जिन पर महिला उत्पीड़न के संगीन आरोप लगे हैं. रोहित जोशी पर दुष्कर्म ,जबरन गर्भपात और मारपीट के आरोप हैं.
मीडिया में ये खबर काफी सुर्खियां बटोर रही है. विपक्ष हमलावर है और सत्ताधारी दल की पेशानी पर बल पड़ रहा है. तभी तो कैबिनेट बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की बात सामने आ रही है. हाल फिलहाल इस तरह के दो मामलों ने कांग्रेस सरकार की फजीहत कराई है. पहले विधायक जोहरी लाल मीणा के बेटे पर कुछ इसी तरह के आरोप लगे थे. भाजपा तब भी मुखर थी. अभी वो मामला ठंडा भी नहीं होने पाया था कि गहलोत के बेहद करीबी मंत्रियों में से एक महेश जोशी के बेटे का नाम सामने आ गया. जानकारों को भी लगता है कि ये कांग्रेस की छवि को दागदार करती है.
जोशी कर सकते हैं इस्तीफे की पेशकश: महेश जोशी की राजनीतिक हलके में इमेज साफ सुथरी है. उन्हें ईमानदार नेता के तौर पर जाना जाता है लेकिन रोहति पर लगे संगीन आरोपों के चलते महेश जोशी की छवि धुमिल हुई है. चिंतन शिविर से पहले सरकार की छवि पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है. डर मुद्दों से भटकाव का सता रहा है. सूत्रों के मुताबिक बदले माहौल में आज शाम मुख्यमंत्री आवास पर होने वाली कैबिनेट बैठक में मंत्री महेश जोशी इस मामले की जांच चलने तक खुद को मंत्रिमंडल से अलग करने का प्रस्ताव रख सकते हैं. हालांकि ये अभी महज कयास है. कैबिनेट की बैठक के बाद ही साफ होगा कि जोशी इस्तीफे की पेशकश (Mahesh Joshi May Resign Today)करते हैं या नहीं.