सीहोर। मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल को नर्मदा जल प्रदाय करने वाले इंटेकवेल हिरानी और वाटर ट्रीटमेंट प्लांट खटपुरा के कर्मचारी हड़ताल पर चले गए हैं. कर्मचारियों का कहना है जब तक इंटेकवेल कंपनी वेतन वृद्धि नहीं करती हम लोग काम पर वापस नहीं लौटेंगे.
सीहोर : वाटर ट्रीटमेंट प्लांट के कर्मचारियों ने की वेतन वृद्धि की मांग - Sehore Water Supply Project Khatpura
सीहोर के जलप्रदाय परियोजना खटपुरा के प्लांट में काम करने वाले कर्मचारियों ने वेतन वृद्धि की मांग को लेकर हड़ताल शुरू कर दी. वहीं देर रात मांग पूरी होने के आश्वासन के बाद कर्मचारी काम पर लौटे.

कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर अजय गुप्ता का कहना है मध्यप्रदेश शासन की गाइडलाइन के हिसाब से ही हम वेतनवृद्धि कर सकते हैं, अगर ये कर्मचारी शीघ्र ही काम पर वापस नहीं लोटे तो आने वाले समय में प्रदेश की राजधानी भोपाल में पेयजल का संकट आ सकता है, क्योंकि राजधानी भोपाल में जलप्रदाय का मुख्य श्रोत नर्मदा जलप्रदाय परियोजना खटपुरा है, जिसकी क्षमता 185 एमएलडी है. जिसकी शुरूआत साल 2011 में हुई थी.
शाहगंज से नर्मदा जल भोपाल जाता है जिसका शुद्धिकरण प्लांट में किया जाता है, जिसके बाद ये पानी सप्लाई किया जाता है. आधे से ज्यादा भोपाली इसी का पानी पीते हैं. इस पर समझाइश के बाद देर रात वेतन वृद्धि के आश्वासन पर कर्मचारियों ने हड़ताल वापस ले ली और अपने काम पर लौटे.