झारखंड

jharkhand

ETV Bharat / state

गिरिडीह: जंगली हाथियों का उत्पात जारी, स्कूल को किया तहस-नहस - wild elephants terror in giridih

गिरिडीह के सरिया थाना क्षेत्र में जंगली हाथियों का झुंड एक हफ्ते से उत्पात मचा रहा है. हाथियों ने विचरण करने के दौरान एक स्कूल को जमकर तहस-नहस किया. वन विभाग के अधिकारियों ने पहुंचकर हाथियों को गांव से बाहर खदेड़ा.

wild elephants terror in giridih
गिरिडीह: जंगली हाथियों का उत्पात जारी, स्कूल को किया तहस-नहस

By

Published : May 9, 2021, 9:19 AM IST

गिरिडीह:सरिया थाना क्षेत्र में जंगली हाथियों ने तांडव मचाकर रखा हुआ है. इलाके में लोगों में हाथियों से दहशत का माहौल है. शुक्रवार को रात में जंगली हाथियों का झुंड छत्रबाद स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय में घुस गया और खूब तोड़-फोड़ की. हाथियों ने स्कूल में रखे पोषाहार के लगभग 6 क्विंटल चावल को चट कर लिया.

इसे भी पढ़ें-गिरिडीह में जंगली हाथियों ने युवक को कुचला, मौके पर ही मौत

हाथियों का उत्पात

बताते चलें कि स्कूल में रखे अलमीरा, दो खिड़कियों और दो दरवाजों को भी हाथियों ने क्षतिग्रस्त कर दिया. हाथियों की संख्या 20 के करीब थी. ग्रामीणों ने वन विभाग को इसकी जानकारी दी. इसके बाद रात को वन विभाग के अधिकारी वहां पहुंचे और हाथियों को गांव से बाहर खदेड़ दिया, जिससे हाथी और नुकसान नहीं पहुंचा पाए. एक हफ्ते से इलाके में ये हाथियों का झुंड विचरण कर रहा है. मंगलवार रात हाथियों के झुंड ने सरिया प्रखंड के प्रमुख धार्मिक स्थल राजदाह धाम में जमकर उत्पात मचाया था. हाथियों ने राम जानकी मंदिर में भी तोड़-फोड़ की थी. हाथियों के उत्पात को देखकर वहां रह रहे कुछ लोग अपनी सुरक्षा के लिए विवाह भवन के छत पर चढ़ गए. हाथियों ने मंदिर परिसर में तोड़फोड़ करने के अलावा अनाजों को खा डाला और बर्तन वगैरह को कुचलकर क्षतिग्रस्त कर दिया था.

कुएं में गिरा था नन्हा गजराज

रविवार की रात हाथी का एक बच्चा कुएं में गिर गया था. जानकारी मिलने पर वन विभाग ने रेस्क्यू कर कुएं में गिरे हाथी के बच्चे को निकाला था. इसके अलावा 6 दिन पहले हाथियों ने युवक को कुचलकर मार डाला था. मृतक की पहचान थाना क्षेत्र के नीमाटांड निवासी अजय शर्मा के रूप में की गई थी.

इधर से उधर खदेड़े जाते हैं हाथी

बताया जाता है कि वन विभाग की ओर से हाथियों को अपने क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में खदेड़ कर अपनी जिम्मेदारियों से बचने का काम किया जाता है. परिणाम स्वरूप इस क्षेत्र से खदेड़े जाने पर किसी और क्षेत्र में और फिर कहीं और खदेड़े जाने से हाथियों का झुंड पहुंच जाता है. ग्रामीणों की ओर से एक्पर्ट टीम से जंगली हाथियों को दूर-दराज खदेड़े जाने की मांग की जा रही है.

ABOUT THE AUTHOR

...view details