भिवानी: प्राइवेट स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष कुलभूषण शर्मा ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि कोरोना काल के दौरान निजी स्कूलों को हुए नुकसान का आंकलन करने के लिए प्रदेश स्तर पर एक मूल्यांकन कमेटी का गठन किया जाए.
ये कमेटी मूल्यांकन करे कि निजी स्कूलों को इस अवधि के दौरान जो नुकसान हुआ है या लाभ कमेटी की रिपोर्ट के बाद ही सरकार निजी स्कूलों के साथ व्यवहार करे. इसके साथ ही सरकार श्वेत पत्र जारी करे ताकि सच्चाई जनता के सामने आ सके. कुलभूषण शर्मा ने मंगलवार को प्रेस वार्ता के दौरान ये मांग की. इस दौरान एसोसिएशन के महासचिव अमित, नगर मीडिया प्रभारी आकाश रहेजा भी मौजूद रहे.
लॉकडाउन के दौरान स्कूलों को हुए नुकसान के लिए मूल्यांकन कमेटी बनाए जाने की मांग इस दौरान शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार निजी स्कूलों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है. कोरोना काल के दौरान स्कूलों की आर्थिक हालत खस्ता हो चुकी है. हाईकोर्ट ने भी आदेश दिया है कि स्कूल छात्रों से फीस वसूली करे, लेकिन सरकार स्कूलों को ऐसा नहीं करने दे रही. उन्होंने कहा कि इसके उलट सरकार स्कूलों से हर चार्ज की वसूली कर रही है और परीक्षा के नाम पर हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड से टैक्स लिया जा रहा है.
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शर्मा ने कहा कि नियम 134 ए के तहत निजी स्कूल का 500 करोड़ के लगभग रुपये राज्य सरकार पर बकाया है. सरकार ने 2 महीने पहले हुई बैठक में आश्वासन दिया था कि ये बकाया 1 हफ्ते के अंदर चुकता कर दिया जाएगा, जो अभी तक निजी स्कूलों को नहीं मिला है.