नई दिल्ली : विंडीज दौरे पर रवाना होने से पहले आयोजित प्रेस कॉनफ्रेंस में भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली ने कहा कि टेस्ट चैम्पियनशिप के आने से खेल के लंबे प्रारूप को वैश्विक स्तर पर जिस प्ररेणा की जरूरत थी, वो मिलेगी और यह खेल को पहले से ज्यादा प्रतिस्पर्धी बना देगी. इस साल से टेस्ट चैम्पियनशिप की शुरुआत हो रही है. एक अगस्त से शुरू हो रही एशेज सीरीज से टेस्ट चैम्पियनशिप की शुरुआत होगी. वहीं भारत इस चैम्पियनशिप के अंतर्गत अपनी पहली सीरीज वेस्टइंडीज के खिलाफ खेलेगा. भारत और विंडीज के बीच दो मैचों की टेस्ट सीरीज खेली जाएगी जिसकी शुरुआत 22 अगस्त से होगी.
कोहली ने कहा, "हम सभी टेस्ट चैम्पियनशिप को लेकर उस्ताहित हैं क्योंकि हमें लगता है कि लंबे दौरों के बाद हमें लगता है कि एक या दो टेस्ट सही नहीं हैं लेकिन इसके आने से हम जितने भी प्रारुप में क्रिकेट खेलते हैं उसे एक संदर्भ मिलेगा. ये इस समय टेस्ट क्रिकेट के लिए भी अच्छी बात है क्योंकि बीते कुछ वर्षो से हम बात कर रहे थे कि कैसे टेस्ट क्रिकेट में प्रशंसकों की रुचि को बढ़ाया जाए."
कोहली ने कहा, "टेस्ट क्रिकेट को आगे ले जाने की जरूरत है. खिलाड़ी हमेशा से अपना योगदान दे रहे हैं, लेकिन अगर वैश्विक तौर पर देखा जाए तो यह जरूरी था कि टेस्ट क्रिकेट से एक प्रेरणा जुड़ी हो और टेस्ट चैम्पियनशिप इसे वो चीज देगी. जो भी खिलाड़ी टेस्ट क्रिकेट खेलेंगे उनके लिए हर सत्र पहले से कई ज्यादा मुश्किल हो जाएगा. यह चुनौतीपूर्ण तो होगा लेकिन मुझे लगता है कि सभी टीमें इसका लुत्फ उठाएंगी."
भारत इस समय आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में पहले स्थान पर है.