कटवा (पश्चिम बंगाल) : केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर पिछले एक महीने से जारी किसानों के प्रदर्शन के बीच भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने पश्चिम बंगाल में किसानों तक पहुंच बनाने और उन्हें 'न्याय दिलाने' के वादे के साथ शनिवार को इस आस में 'एक मुट्ठी चावल' अभियान शुरू किया कि राज्य विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी को भारी बहुमत मिलेगा.
कोलकाता से डायमंड हार्बर की उनकी यात्रा के दौरान गत 10 दिसंबर को उनके काफिले पर हुए हमले के बाद नड्डा की यह पहली बंगाल यात्रा है.
नड्डा ने किसानों को ध्यान में रखते हुए पश्चिम बंगाल में 'कृषक सुरक्षा अभियान' और 'एक मुट्ठी चावल' कार्यक्रम शुरू किया. इसी साल के मध्य में पश्चिम बंगाल विधानसभा के चुनाव होने हैं. भाजपा ने वहां की सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस की सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा रखा है.
नड्डा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने किसानों के लिए केंद्र की पूर्ववर्ती सरकारों से अधिक काम किया है. उन्होंने बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के प्रधानमंत्री किसान योजना लागू करने के लिए सहमत होने पर व्यंग्य करते हुए कहा कि बनर्जी राज्य के किसानों के बीच अपनी जमीन तेजी से खिसकने का एहसास होने के बाद यह कदम उठाने पर राजी हुई हैं.
'केवल मोदी सरकार ने एमएसपी लागू किया'
उन्होंने 'पीएम किसान सम्मान निधि' योजना के क्रियान्वन को लेकर राज्य सरकार के सहमत होने पर कहा कि सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के लिए अब बहुत देर हो चुकी है. नड्डा ने कहा, 'सत्ता में आने के बाद से, मोदी सरकार ने कृषि पर बजट में छह गुना वृद्धि की है. 2013-14 में कृषि बजट मात्र 22,000 करोड़ रुपये था. आज, यह 1,34,000 करोड़ रुपये है.'
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) को लेकर स्वामीनाथन समिति की रिपोर्ट को लागू किया. उन्होंने कहा कि स्वामीनाथन समिति की सिफारिश के अनुसार एमएसपी केवल प्रधानमंत्री मोदी द्वारा लागू किया गया है, इसे लगभग 1.5 गुना बढ़ाया गया है.
नड्डा ने शनिवार दोपहर में 'एक मुट्ठी चावल' कार्यक्रम शुरू किया, जिसके तहत भाजपा कार्यकर्ता किसानों के घरों से चावल इकट्ठा करेंगे और दिल्ली में किसानों के विरोध प्रदर्शन के बाद विपक्ष द्वारा भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर 'किसान विरोधी' होने के आरोप को खारिज करने के प्रयासों के तहत किसानों को नए कृषि कानूनों के लाभ बताएंगे.
जगदानंदपुर में 'कृषक सुरक्षा ग्राम सभा' में नड्डा का संबोधन इस तरह की 40,000 सभाओं की शुरुआत का प्रतीक था, जिनका आयोजन विधानसभा चुनाव से पहले अब से कुछ महीने में पश्चिम बंगाल में भाजपा द्वारा किया जाना है. पश्चिम बंगाल में 71.23 लाख किसान परिवार हैं, जिनमें से 96 प्रतिशत छोटे और सीमांत किसान हैं.
भाजपा बंगाल के किसानों को न्याय दिलाएगी : नड्डा
नड्डा ने पीएम किसान योजना को लागू करने के लिए सहमत होने को लेकर बनर्जी पर व्यंग्य करते हुए कहा कि ममता बनर्जी इसके लिए तब तैयार हुईं, जब उन्हें यह अहसास हुआ कि उनकी पार्टी का राज्य में किसानों के बीच आधार तेजी से कम हो रहा है. नड्डा ने कहा कि एक बार सत्ता में लाने के बाद भाजपा राज्य के किसानों को न्याय दिलाएगी.
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार यह जानने के बाद ही यह योजना के लिए तैयार हुई कि केंद्रीय योजनाओं से वंचित होने पर किसानों का गुस्सा राज्य में तृणमूल कांग्रेस सरकार का सफाया कर देगा.
नड्डा ने अभियान की शुरुआत करते हुए कहा, 'लेकिन, मैं यह स्पष्ट रूप से कहना चाहता हूं कि तृणमूल कांग्रेस सरकार के लिए पहले ही बहुत देर हो चुकी है.' उन्होंने कहा, 'ममता जी अब इसके कार्यान्वयन को लेकर प्रधानमंत्री को पत्र लिख रही हैं क्योंकि चुनाव निकट आ रहे हैं.'
उन्होंने कहा, 'हम बंगाल में सरकार बनाएंगे और बंगाल में हमारे किसानों को लाभ उठाने में मदद करेंगे. हम आयुष्मान भारत योजना को भी राज्य में लागू करेंगे.' उन्होंने दावा किया कि निकट भविष्य में, जब भाजपा अगली सरकार बनाएगी तो 4.66 करोड़ लोगों को बंगाल में स्वास्थ्य कार्यक्रम आयुष्मान भारत का लाभ मिलेगा.
तृणमूल कांग्रेस सरकार ने कार्यक्रम का एक वर्ष से अधिक समय तक विरोध करने के बाद इस महीने की शुरुआत में राज्य में पीएम किसान योजना को लागू करने पर अपना रुख नरम किया था.
नड्डा ने कहा कि कटवा में विशाल किसान रैली साबित करती है कि ममता बनर्जी सरकार के दिन गिने चुने बचे हैं. उन्होंने कहा, 'आप सभी ने मेरा जो गर्मजोशी से स्वागत किया है, उससे पता चलता है कि आपने तय कर लिया है कि ममता बनर्जी सरकार को बाहर का दरवाजा दिखाया जाएगा और भाजपा बंगाल में सरकार बनाएगी.'