सरगुजा: कोविड-19 महामारी के मरीज जब कम होंगे, जिंदगी सामान्य होने लगेगी तब भी हमें ANM रजनी कुशवाहा जैसे लोगों को सलाम करते रहना होगा, जिससे कर्म करते रहने और फर्ज निभाते रहने की शक्ति मिलती रहे. इस दौर में हमने स्वास्थ्यकर्मियों को भगवान की संज्ञा दी है. इनमें से कुछ ऐसे भी हैं जिनकी जिम्मेदारी भले ही छोटी है बावजूद इसके इन्होंने बड़ा काम कर मिसाल पेश की है. ऐसी ही एक ANM हैं रजनी कुशवाहा. जिन्होंने लॉकडाउन के दौरान अकेले 23 प्रसव कराए हैं.
ETV भारत ने इस महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता के बड़े काम को दुनिया के सामने लाने का प्रयास किया है. स्वास्थ्य विभाग से जानकारी मिली कि जिले के परसोड़ी खुर्द के उप स्वास्थ्य केंद्र में मौजूद ANM रजनी कुशवाहा ने लॉकडाउन अवधि में अकेले ही 23 प्रसव कराए. ETV भारत की टीम जब परसोड़ी खुर्द के उप स्वास्थ्य केंद्र पहुंची तो अस्पताल में सेकेंड ANM रजनी कुशवाहा मरीजों को अकेली संभालती मिलीं. अस्पताल में एक RHO और फर्स्ट ANM भी पदस्थ है लेकिन लगभग 1 घंटे रुकने के बाद भी वहां रजनी के अलावा दूसरा कोई स्टाफ नजर नहीं आया.
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23 नॉर्मल प्रसव कराए
खास बात ये है कि लॉकडाउन के इस मुश्किल समय में जब पूरी दुनिया अपने घरों में बैठी थी तब सरगुजा की ये महिला ANM देवदूत बनकर बच्चों का जन्म करा रही थी. 25 मार्च से 10 जून तक 25 प्रसव के केस अस्पताल में भर्ती किए, जिनमें से 23 का सफल प्रसव कराकर उन्हें घर भी भेज दिया. रजनी ने 23 प्रसव कराए हैं. जहां जच्चा-बच्चा दोनों ही स्वस्थ हैं. 2 गर्भवती महिलाओं को डिलीवरी के लिए अस्पताल में भर्ती भी कराया गया है.