बक्सर: बिहार के बक्सर में अपराध (Crime In Buxar) की घटनाओं पर लगाम लगाने को लेकर पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है. इसी कड़ी में पुलिस ने पिछले साल हुए बक्सर के बहुचर्चित दुर्गेश हत्याकांड का खुलासा (Expose Durgesh Murder Case) करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार (6 Arrested In Durgesh Murder Case) किया है. वहीं इस हत्याकांड में शामिल कई आरोपी अभी भी पुलिस के गिरफ्त से बाहर है. जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीम जुटी हुई है.
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मामले का उद्भेदन करते हुए बक्सर एसपी नीरज कुमार सिंह ने बताया कि दुर्गेश की हत्या गांव में वर्चस्व को लेकर की गई है. इस हत्याकांड को करने के लिए रोहतास से शूटर बुलाए गए थे. पुलिस अधीक्षक ने बताया कि दुर्गेश की हत्या का निर्देश जेल में बंद एक आरोपी ने बाहर के अपने गुर्गों को दिया था. मामला पेचीदा था इसलिए कांड के त्वरित उद्भेदन हेतु एसडीपीओ बक्सर और प्रशिक्षु पुलिस उपाधीक्षक अमरनाथ के नेतृत्व में मुफ्फसिल थानाध्यक्ष अमित कुमार, राहुल, आलोक कुमार, रंजीत कुमार की एक एसआईटी का गठन किया गया था.
गठित टीम के द्वारा कांड के अनुसंधान में तकनीकी विश्लेषण के आधार पर कांड में शामिल दो लाइनर विकास कुमार यादव और सुमित कुमार उर्फ खूब लाल को गिरफ्तार किया गया. गिरफ्तार आरोपियों द्वारा इस कांड में पता स्वीकार करते हुए बताया कि संजय यादव का लड़का अरुण यादव ने उनलोगों को बताया कि कोरान सराय थाना के दिलीप यादव जो बैरिया गांव के रहने वाले हैं और वर्तमान में बेऊर जेल में बंद हैं. उनके द्वारा बताया गया कि बैरिया के दुर्गेश नाम का लड़का गांव में अपने आप को दबंग साबित करना चाहता है. दिलीप यादव द्वारा अरुण यादव को दुर्गेश सिंह की हत्या करने का जिम्मा सौंपा गया.